उत्तर प्रदेश के बांदा में दो ग्राम प्रधानों पर वन विभाग के अधिकारियों ने एफआईआर दर्ज कराई है. आरोप है कि प्रधानों ने ग्राम समाज की जमीन पर लगे सरकारी पौधों को उखाड़ दिया था, जिसके बाद उस पर सड़क बना दी गई. इसके बाद पहाड़ों से अवैध खनन कर मौरंग भी डाल दी.
जब इस मामले की जानकारी वन विभाग को हुई तो विभाग के सीनियर अधिकारी मौके पर पहुंचे. अधिकारियों ने मामले की जांच की तो प्रधानों को मामले में दोषी माना. इसके बाद दोनों ग्राम प्रधानों पर सरकारी संपत्ति का नुकसान, अवैध खनन और पौधों के संरक्षण अधिनियम के तहत केस दर्ज करा दिया.
जिला वन अधिकारी बोले- ग्राम समाज की जमीन पर लगवाए थे सैकड़ों पौधे
इस संबंध में DFO ने बताया कि यह मामला नरैनी तहसील के कालिंजर थाना क्षेत्र का है. DFO ने बताया कि ग्राम समाज की जमीन पर सैकड़ों पौधे लगवाए गए थे, जिन्हें प्रधान ने हटाकर सड़क बनवा दी. इस मामले की जानकारी होने के बाद जांच की गई.
मामले की जांच में पता चला कि अवैध खनन करके पौधों वाली जगह पर मौरंग भी डलवा दी थी. इस मामले में वन विभाग की शिकायत पर दोनों आरोपी प्रधानों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है. पुलिस मामले की जांच पड़ताल कर रही है.
राजस्व विभाग भी करेगा आरोपी प्रधानों पर कार्रवाई
DFO संजय अग्रवाल ने बताया कि ग्राम तरहटी थाना कालिंजर में ग्राम समाज की भूमि है, उसमें वन विभाग ने पौधे लगवाए थे. उनकी देखरेख भी की जा रही थी. हमें सूचना मिली कि 29 दिसंबर की रात में कुछ लोगों ने जमीन से मौरंग खोद ली है.
इसके बाद जांच की गई तो पता चला कि दो ग्राम प्रधानों ने ऐसा किया है. इस पर उनके खिलाफ सुसंगत धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई गई है. उस खनन क्षेत्र में जो रास्ता बनाया है या खनन किया है तो उसमें 110 पौधों का नुकसान हुआ है. पौधे ढाई से तीन साल के थे. खनन के मामले में राजस्व विभाग भी कार्रवाई करेगा.
सिद्धार्थ गुप्ता