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फैक्ट चेक: क्या प्रधानमंत्री मोदी ने बदल दिया विक्टोरिया मेमोरियल का नाम?

मोदी की कोलकाता यात्रा के बाद सोशल मीडिया पर दो तस्वीरें अलग-अलग दावों के साथ वायरल हो रही हैं. दावा किया जा रहा है कि कोलकाता स्थित विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदलकर रानी झांसी स्मारक महल कर दिया गया है. वहीं दूसरी तस्वीर एक बंदरगाह की है. इस तस्वीर के साथ दावा किया जा रहा है कि 150 साल पुराने कोलकाता पोर्ट का नाम बदलकर "डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट" कर दिया गया है.

विक्टोरिया मेमोरियल कोलकाता विक्टोरिया मेमोरियल कोलकाता

क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले हफ्ते कोलकाता की दो दिनों की यात्रा के दौरान विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदल कर 'रानी झांसी स्मारक महल' कर दिया?

मोदी की कोलकाता यात्रा के बाद सोशल मीडिया पर दो तस्वीरें अलग-अलग दावों के साथ वायरल हो रही हैं. दावा किया जा रहा है कि कोलकाता स्थित विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदलकर रानी झांसी स्मारक महल कर दिया गया है. वहीं दूसरी तस्वीर एक बंदरगाह की है. इस तस्वीर के साथ दावा किया जा रहा है कि 150 साल पुराने कोलकाता पोर्ट का नाम बदलकर "डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट" कर दिया गया है.

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इंडिया टुडे के एंटी फेक न्यूज वॉर रूम (AFWA) ने पाया कि विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदलने के दावे में कोई सच्चाई नहीं है. लेकिन कोलकाता पोर्ट का नाम बदलकर श्यामा प्रसाद मुखर्जी किए जाने की बात सही है. लेकिन जिस तस्वीर को कोलकाता पोर्ट बताया जा रहा है, वो असल में गुजरात के कच्छ जिले का मुंद्रा पोर्ट है.

फेसबुक यूजर Sanjay S Dhameliya ने इन तस्वीरों को पोस्ट करते हुए लिखा कि "आज प्रधानमंत्रीजी ने कोलकाता में विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदलकर "रानी झांसी स्मारक महल" कर दिया..और 150 वर्ष पुराने कोलकाता पोर्ट का भी नामकरण किया.."डॉ.श्यामाप्रसाद मुख़र्जी पोर्ट".

पोस्ट का आर्काइव्ड वर्जन यहां देखा जा सकता है.

पहली तस्वीर

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तस्वीर में विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदलकर 'रानी झांसी स्मारक महल' किए जाने का दावा है.

सच्चाई

दावे से जुड़े कीवर्ड्स सर्च करने पर हमें ऐसी कोई मीडिया रिपोर्ट्स नहीं मिली, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदलने की खबर हो. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ट्विटर पर भी ऐसा कोई ट्वीट नहीं मिला जो इस दावे की पुष्टि कर सके.

विक्टोरिया मेमोरियल की वेबसाइट पर भी स्मारक का नाम विक्टोरिया मेमोरियल ही है. इससे ये बात तो साफ है कि अपने कोलकाता दौरे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदल देने जैसा कुछ नहीं किया है.

लेकिन, बीजेपी नेता सुब्रमण्यन स्वामी ने ट्विटर के जरिए प्रधानमंत्री मोदी से विक्टोरिया मेमोरियल का नाम बदलकर रानी लक्ष्मी बाई करने की मांग की है.

विक्टोरिया मेमोरियल कोलकाता में स्थित एक प्राचीन स्मारक है. ब्रिटेन की महारानी विक्टोरिया के निधन के बाद उनकी याद में ये स्मारक बनाया गया था.

4 जनवरी 1906 में इस स्मारक की आधारशिला रखी गई थी एवं सन 1921 में आम जनता के लिए इसे खोला गया था. विक्टोरिया मेमोरियल की नौ दीर्घाओं में प्रदर्शित 28394 कलाकृतियां हैं, जो देश की संस्कृति को दर्शाती हैं. इसकी दीवारों पर बेहतरीन नक्काशी की गई है. पत्रिका में छपे एक आर्टिकल में इस स्मारक का उल्लेख किया गया है.

दूसरी तस्वीर

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"150 साल पुराने कोलकाता पोर्ट का नाम बदलकर डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट कर दिया है." इस दावे के साथ यह तस्वीर वायरल हो रही है, जिसमें एक बंदरगाह देखा जा सकता है.

सच्चाई

वायरल तस्वीर के साथ किया जा रहा दावा सही है. प्रधानमंत्री मोदी ने कोलकाता में एक कार्यक्रम के दौरान 150 साल पुराने कोलकाता पोर्ट का नाम श्यामा प्रसाद मुखर्जी किया है. नवभारत टाइम्स की इस खबर में इस बात का  उल्लेख किया गया है.

लेकिन, दावे के साथ वायरल हो रही तस्वीर कोलकाता पोर्ट की नहीं बल्कि, गुजरात के कच्छ जिले के मुंद्रा पोर्ट की है जिसे अडानी पोर्ट भी कहा जाता है. रिवर्स सर्च की मदद से हमें ये तस्वीर Adani Group के फेसबुक पेज और live mint के एक आर्टिकल में मिली, जिसे गुजरात के अडानी पोर्ट का बताया गया है.

AFWA की पड़ताल में हमने पाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विक्टोरिया मेमोरियल स्मारक का नाम नहीं बदला है, लेकिन 150 साल पुराने कोलकाता पोर्ट का नाम बदलकर श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट किया गया है.

फैक्ट चेक

फेसबुक यूजर

दावा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विक्टोरिया मेमोरियल और कोलकाता पोर्ट का नाम बदल दिया है.

निष्कर्ष

प्रधानमंत्री मोदी ने विक्टोरिया मेमोरियल स्मारक का नहीं बल्कि कोलकाता पोर्ट का नाम बदला है.

झूठ बोले कौआ काटे

जितने कौवे उतनी बड़ी झूठ

  • कौआ: आधा सच
  • कौवे: ज्यादातर झूठ
  • कौवे: पूरी तरह गलत
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