पाकिस्तान की मिलिट्री में बुधवार को एक बड़ा फेरबदल हुआ है. वहां की खुफिया एजेंसी इंटर सर्विस इंटेलिजेंस यानी आईएसआई के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल फैज हमीद को हटा दिया है. उन्हें अब पेशावर कोर का कमांडर नियुक्त किया गया है. फैज हमीद की जगह लेफ्टिनेंट जनरल नदीम अंजुम को आईएसआई का नया चीफ बनाया गया है.
हालांकि, जनरल हमीद के ट्रांसफर की घोषणा अचानक से नहीं की गई थी और कई दिनों से उनके ट्रांसफर की चर्चा चल भी रही थी. हमीद को 16 जून 2019 को आईएसआई का प्रमुख नियुक्त किया गया था. इससे पहले उन्होंने आईएसआई में इंटरनल सिक्योरिटी के हेड के रूप में काम किया था. जनरल हमीद का पाकिस्तानी सेना के प्रमुख जनरल कमर बाजवा का करीबी माना जाता है.
15 अगस्त को तालिबान ने काबुल पर कब्जा कर लिया था और इसी के साथ 20 साल बाद अफगानिस्तान की सत्ता पर उसका दोबारा राज शुरू हो गया था. लेकिन कब्जे के बाद भी कई हफ्तों तक सरकार को लेकर कुछ तय नहीं हुआ था. तालिबानी नेताओं के बीच मतभेद की अफवाहें भी थीं. इसी दौरान जनरल हमीद ने काबुल का दौरा किया था और बाद में मीडिया से कहा था, 'अफगानिस्तान में सबकुछ ठीक हो जाएगा.'
पाकिस्तानी सेना के आधिकारिक बयान में सीनियर लेवल पर दो और पोस्टिंग की घोषणा की है. लेफ्टिनेंट जनरल मोहम्मद आमिर को गुजरांवाला कोर्प्स का कमांडर नियुक्त किया गया है. वहीं, लेफ्टिनेंट जनरल असीम मुनीर को आर्मी में क्वार्टर मास्टर जनरल नियुक्ति किया गया है.'
क्या इसलिए गई हमीद की कुर्सी!
हमीद की कुर्सी जाने के पीछे 'तालिबान कनेक्शन' भी सामने आ रहा है. वैसे तो फैज हमीद को पाकिस्तानी सेना के प्रमुख बाजवा का करीबी माना जाता है, लेकिन जब से अफगानिस्तान में तालिबान की सरकार बनी थी, तब से दोनों के रिश्तों में खटास आनी शुरू हो गई थी. ऐसा कहा जा रहा है कि तभी से बाजवा उन्हें आईएसआई चीफ के पद से हटाने की कोशिश में जुट गए थे. इसकी वजह ये बताई जा रही थी कि तालिबान पर पाकिस्तानी सेना अपना एजेंडा थोंपना चाहती थी, लेकिन फैज हमीद ऐसा नहीं करने दे रहे थे. इसी से बाजवा नाराज बताए जा रहे थे.
aajtak.in