उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात में एक शख्स को पुलिस घर से घसीटकर ले गई. शख्स अपने घर में आराम से सो रहा था. रात के अंधेरे में पुलिस ने दबिश थी. बताया जा रहा है कि पुलिस जिसे घर से पकड़कर ले गई है वो बीजेपी का स्थानीय कार्यकर्ता है. उसके परिवार के सदस्यों का दावा है कि जब उन्होंने पुलिस को रोकने की कोशिश की तो उनकी पिटाई की गई.
फिलहाल, पूरा मामला घर में लगे सीसीटीवी में कैद हो गया है. फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. जिसके बाद पुलिसिया कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं. लोगों का कहना है कि बीजेपी कार्यकर्ता संग अपराधियों जैसा सलूक किया गया. जबकि उसके खिलाफ मामूली शिकायत की गई थी.
शिकायत मिलने के बाद रसूलाबाद कोतवाली पुलिस ने रात में विजय मिश्रा के घर पर दबिश दी फिर उन्हें आधे कपड़ों में ही घसीटकर ले गई. विजय उस समय अंडरवियर और बनियान में थे.
विजय मिश्रा के मुताबिक, वो कानपुर नगर में किसी काम से गए हुए थे तभी उनके पास रसूलाबाद के ज़िला पंचायत सदस्य ऋषि सिंह उर्फ़ जनार्दन सिंह का फोन आया. बातचीत के दौरान ऋषि सिंह ने उनसे गाली गलौज की फिर उन्होंने भी जवाब दिया और फ़ोन काट दिया.
पीड़ित ने बताई पूरी कहानी
20 अक्टूबर की रात कानपुर से आने के बाद वो जब घर में रात करीब 9:47 पर अपनी पत्नी प्रीति के साथ ऊपर के कमरे में दवा खाने के बाद सो रहे थे. तभी उनके घर में रसूलाबाद पुलिस इंस्पेक्टर अपने साथियों संग घुस आए. वो कमरे से खींचकर मुझे थाने ले गए. इस दौरान पुलिस ने नाबालिग बेटे को भी पीटा और पत्नी को भी मारा.
बीजेपी कार्यकर्ता विजय मिश्रा की मानें तो बात सिर्फ इतनी थी कि वो जब कानपुर में थे तभी उनके फ़ोन पर रसूलाबाद ज़िला पंचायत सदस्य ऋषि सिंह का फोन आया था. बातों ही बातों में ऋषि ने गाली दी, जिसके जवाब में विजय ने भी गालियां दीं. जिसपर रात में रसूलाबाद थाने की पुलिस टीम विजय के घर में घुसी और घसीटकर अपने साथ ले गई. उस वक्त विजय अंडरवियर और बनियान में थे.
विजय का यह भी आरोप है की पुलिस ने उनकी पत्नी और बेटे को भी मारा जो उनके घर में लगे सीसीटीवी में भी कैद हो गया है. वो अपनी चोटे दिखाते हुए कहते हैं पुलिस ने उनकी काफी पिटाई की है. अपराधियों जैसा बर्ताव किया गया है. उन्हे न्याय चाहिए.
ऋषि सिंह ने पुलिस से लिखित शिकायत की थी
यह पूरी घटना फोन पर गाली गलौज से शुरू हुई. फिर सोशल मीडिया तक पहुंच गई. आरोप है कि विजय ने ऋषि के खिलाफ विवादित पोस्ट किया था. जिसकी शिकायत जिला पंचायत सदस्य ऋषि सिंह ने पुलिस से लिखित तौर पर की थी. इसको लेकर विजय के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज हुआ था. इसी मामले में पुलिस के एक्शन की बात सामने आ रही है. जिसपर सवाल उठ खड़े हुए हैं.
सूरज सिंह