महाकुंभ 2025 में लगभग 45 करोड़ भक्त आस्था की डुबकी लगाने पहुंचेंगे. 83 फीसदी लोग सड़क मार्ग और 15 फीसदी ट्रेन से महाकुंभ में पहुंच रहे हैं. आस्था के इस पावन पर्व में पहुंचने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षित यात्रा और उनके आवागमन को सुविधाजनक बनाने के उद्देश्य से भारतीय रेलवे ने हजारों ट्रेनों के संचालन का ऐलान किया है और महाकुम्भ के पहले दिन 20 से ज्यादा स्पेशल ट्रेनें चलाई गई हैं.