Delhi Air Pollution: क्या दिल्ली सरकार करवा पाएगी कृत्रिम बारिश... पिछले साल का प्लान इस बार भी

दिल्ली में गंभीर प्रदूषण से निपटने के लिए आर्टिफिशियल बारिश की तैयारी की जा रही है. दिल्ली में सर्दियों के मौसम में प्रदूषण से निपटने के लिए केजरीवाल सरकार ने गुरुवार को विंटर एक्शन प्लान बनाने को लेकर एक्सपर्ट के साथ सचिवालय में राउंड टेबल चर्चा की.

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प्रदूषण से निपटने के लिए आर्टिफीसियल बारिश की तैयारी प्रदूषण से निपटने के लिए आर्टिफीसियल बारिश की तैयारी

पंकज जैन

  • नई दिल्ली ,
  • 29 अगस्त 2024,
  • अपडेटेड 10:34 PM IST

इस बार सर्दियों में गंभीर प्रदूषण से निपटने के लिए आर्टिफिशियल बारिश की तैयारी की जा रही है. दिल्ली के पर्यावरण मंत्री शुक्रवार को केंद्रीय पर्यावरण मंत्री को पत्र लिखकर IIT कानपुर के साथ ज्वाइंट मीटिंग की मांग करेंगे ताकि आर्टिफीसियल बारिश से जुड़ी जरुरी परमिशन को समय पर पूरा किया जा सके. 

दिल्ली में सर्दियों के मौसम में प्रदूषण से निपटने के लिए केजरीवाल सरकार ने गुरुवार को विंटर एक्शन प्लान बनाने को लेकर एक्सपर्ट के साथ सचिवालय में राउंड टेबल चर्चा की. पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने बताया कि दिल्ली में 2016 में साफ हवा वाले दिनों की संख्या 110 दिन थी, जो 2023 में बढ़कर 206 दिन हो चुकी है. जबकि 2016 के मुकाबले कंस्ट्रक्शन वर्क और गाड़ियों की संख्या में इजाफा हुआ.  

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प्रदूषण से निपटने के लिए आर्टिफीसियल बारिश की तैयारी

गोपाल राय ने कहा कि दिल्ली में प्रदूषण 2 हिस्सों में बंटता है. फरवरी से सितंबर तक प्रदूषण मध्यम स्तिथि में रहता है. वहीं अक्टूबर से जनवरी तक प्रदूषण गंभीर स्तिथि में रहता है इसलिए विंटर एक्शन प्लान बनाया जा रहा है. 33 डिपार्टमेंट और अलग अलग संस्थान के 50 एक्सपर्ट द्वारा मिले सुझावों को विंटर एक्शन प्लान में शामिल किया जाएगा. 

गोपाल राय ने बताया कि 5 सितम्बर को 33 विभागों की एक ज्वाइंट मीटिंग बुलाई गई है और इस दौरान विंटर एक्शन प्लान के लिए सभी विभाग अपना प्लान शेयर करेंगे.

गोपाल राय ने बताया कि विंटर एक्शन प्लान के लिए यें अहम सुझाव एक्सपर्ट ने दिए हैं -  

1. दुनिया भर में ज़ीरो कार्बन को लेकर कैंपेन चल रहा है. कार्बन की वजह गाड़ियां या कंस्ट्रक्शन नहीं बल्कि लोगों की आदत बदलने पर जोर दिया जाता है. एक्सपर्ट ने एक कैंपेन के जरिए लोगों को जागरूक करने की सलाह दी है.

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2. जब AQI गंभीर श्रेणी में पहुंचता है तो वर्क फ्रॉम होम पर फोकस किया जाता है. लेकिन एक्सपर्ट की सलाह है कि काफी पहले ही वर्क फ्रॉम होम लागू किया जा सकता है. इस पर भी विभागों को प्लान बनाने के लिए कहा गया है. 

3. एक्सपर्ट ने सलाह दी है कि अगर ऑड इवन लागू नहीं होता है तो मैक्सिको की तर्ज पर 'वॉलेंटियरली व्हीकल रेस्ट्रिक्शन' लागू कर सकते हैं. यह ऑड इवन की तरह काम करता है, इस प्रयोग में चालान का प्रतिबन्ध नहीं होता है. 

4. एक्सपर्ट ने ऑफिस की अलग अलग टाइमिंग करने का सुझाव दिया है. ताकि ऑफिस टाइम के दौरान ट्रैफ़िक जाम से व्हिकल प्रदूषण की समस्या से निपटा जा सके.

5. एक्सपर्ट ने सलाह दी है कि बायोमास कंट्रोल करने के लिए CSR फंड से सिक्योरिटी गार्ड्स को हीटर मुहैया कराए जाए. 

6. एक्सपर्ट ने सलाह दी है कि प्रदूषण के हॉट स्पॉट्स पर ईंधन की गाड़ियों को प्रतिबन्ध कर इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर जोर दिया जाए. 

7. एक्सपर्ट ने सुझाव दिए हैं कि सर्दियों के मौसम में जब प्रदूषण बढ़े, तो 1 नवंबर से 15 नवंबर के बीच आर्टिफीसियल बारिश को लेकर समय से पहले प्रक्रिया को शुरू किया जाए. 

पांच सितंबर को संबंधित विभागों के साथ होगी समीक्षा बैठक 

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पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने बताया कि विंटर एक्शन प्लान को लेकर 5 सितंबर को सभी संबंधित विभागों के साथ समीक्षा बैठक कर इस पर संयुक्त कार्य योजना तैयार की जाएगी. बैठक में अलग-अलग विभागों को विंटर एक्शन प्लान के तहत निर्धारित किए गए फोकस बिंदुओं के आधार पर प्लान बनाने की ज़िम्मेदारी सौपी  जाएगी. जिसके अनुरूप दिल्ली सरकार इस वर्ष का विंटर एक्शन प्लान तैयार करेगी. 

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