MP News: इंदौर में अवैध कब्जा हटाने गए अफसरों पर गोलियां चलवाने वाले भू-माफिया सुरेश पटेल की 10 हजार वर्गफीट में बनी आलीशान कोठी को ध्वस्त कर दिया. तीन दिन पहले अपने निजी सुरक्षा गार्डों से आरोपी ने तब गोलीबारी करवाई थी, जब तहसीलदार और पटवारी उसकी 7 एकड़ जमीन से अवैध कब्जा हटाने पहुंचे थे.
दरअसल, 14 अगस्त को जब राजस्व अधिकारी तहसीलदार सैवाल सिंह, नायब तहसीलदार जितेंद्र वर्मा और पटवारी मयंक चतुर व प्रदीप सिंह चौहान भू-माफिया सुरेश पटेल की 7 एकड़ जमीन से अवैध निर्माण को हटाने पहुंचे थे, तो उस दौरान सुरेश पटेल और तीन गनमैन- जयदीप मिश्रा, प्रदीप मिश्रा और जय कुमार शर्मा ने अपनी लाइसेंसी 12 बोर की बंदूकों से कई राउंड फायरिंग की. गनीमत रही कि गोलीबारी में कोई हताहत नहीं हुआ.
इस घटना के बाद कलेक्टर आशीष सिंह और इंदौर नगर निगम आयुक्त शिवम वर्मा की अगुवाई में आरोपी की कोठी का ध्वस्तीकरण अभियान शुरू किया गया. नगर निगम की उप आयुक्त लता अग्रवाल ने बताया कि जिला प्रशासन, पुलिस और नगर निगम के अधिकारियों की संयुक्त टीम ने इंदौर-उज्जैन राजमार्ग के किनारे भोरसला गांव में लगभग 10,000 वर्ग फीट भूमि पर स्थित बंगले और अतिरिक्त अतिक्रमण को ध्वस्त करने के लिए 6 पोकलेन मशीनों और 3 जेसीबी का इस्तेमाल किया.
अग्रवाल ने बताया कि अतिक्रमण हटाओ अभियान तीन घंटे में समाप्त हो गया. नगर निगम के डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि आरोपी पटेल ने कुल 30,000 वर्ग फीट सरकारी भूमि पर अतिक्रमण किया था. घटना के बाद जिला प्रशासन ने आरोपी के खिलाफ सख्त राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) लगाने की कार्रवाई शुरू कर दी है.
अधिकारियों ने बताया कि विवादित भूमि श्री अरबिंदो इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एसएआईएमएस) के संस्थापक अध्यक्ष डॉ. विनोद भंडारी की है. मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने जिला प्रशासन को इस संपत्ति से अवैध अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया था.
बाणगंगा पुलिस थाने के प्रभारी लोकेश भदौरिया ने बताया कि फरार आरोपी पटेल समेत तीनों सुरक्षा गार्डों को गिरफ्तार कर लिया गया है. आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्रवाई की जा रही है.
धर्मेंद्र कुमार शर्मा