कुख्यात अपराधी सुंदर भाटी को SC से झटका, जमानत देने से इनकार

नोएडा और ग्रेटर नोएडा के कुख्यात अपराधी सुंदर भाटी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है. कोर्ट ने सुंदर भाटी को जमानत देने से इंकार कर दिया है. सुनवाई के दौरान कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा कि भाटी के खिलाफ 45 से ज्यादा मामले दर्ज हैं अगर जमानत दे दी जाएगी तो विवाह समारोह में पता नहीं कितने लोगों की जान को खतरा हो सकता है.

Advertisement
सुप्रीम कोर्ट (फाइल फोटो) सुप्रीम कोर्ट (फाइल फोटो)

संजय शर्मा

  • नई दिल्ली,
  • 21 जून 2019,
  • अपडेटेड 4:20 PM IST

नोएडा और ग्रेटर नोएडा के कुख्यात अपराधी सुंदर भाटी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है. कोर्ट ने सुंदर भाटी को जमानत देने से इनकार कर दिया है. सुनवाई के दौरान कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा कि भाटी के खिलाफ 45 से ज्यादा मामले दर्ज हैं. अगर जमानत दे दी जाएगी तो विवाह समारोह में पता नहीं कितने लोगों की जान को खतरा हो सकता है.

Advertisement

यूपी पुलिस की खासी मशक्कत के बाद 2014 को सुंदर भाटी को गिरफ्तार कर लिया गया था. अपने कुछ साथियों के साथ सुंदर अपने गांव घंघोला में परिवार वालों से मिलने आया था, लेकिन गांव से निकलते ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया. उसका एक साथी 50 हजार रुपये का इनामी सिंगराज भाटी पुलिस को चकमा देते हुए फरार हो गया. तभी से सुंदर भाटी जेल में है. कहा जाता है कि सुंदर भाटी जेल में रहते हुए अपने गिरोह को चला रहा है.

2017 में बीजेपी नेता शिवकुमार की हुई थी. इसमें सुंदर भाटी के भाई का नाम सामने आया था. जबकि तब भी सुंदर भाटी जेल में था, लेकिन पुलिस को शक था इस घटना में सुंदर भाटी जेल से ही शामिल है. पुलिस के बताया था कि अरुण यादव के अलावा शूटर नरेश व अरूण का गनर धर्मदत्त शर्मा शामिल थे. वहीं फरार आरोपियों में कुख्यात सुंदर भाटी का भाई सहदेव, भतीजा अनिल भाटी, शूटर अमर व प्रदीप और शेरू शामिल था. 

Advertisement

15 अप्रैल को शिवराम यादव के घर के बाहर फायरिंग

प्रगतिशील समाजवादी पार्टी  (लोहिया) के नोएडा महानगर अध्यक्ष शिवराम यादव के नोएडा सेक्टर-70 स्थित आवास पर रविवार रात अज्ञात बदमाशों ने अंधाधुंध फायरिंग की थी. बाइक पर आए बदमाश फायरिंग के बाद भाग निकले. घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई थी.

बाइक सवार दो बदमाश प्रगतिशील समाजवादी पार्टी के नोएडा महानगर अध्यक्ष शिवराम यादव के सेक्टर-70 स्थित आवास पर पहुंचे थे और एक के बाद एक पांच गोलियां दाग कर भाग गए. आवास पर शिवराम यादव मौजूद नहीं थे. वारदात के समय वे और उनका परिवार उनके भाई के घर गए थे जो कि  बहलोलपुर में रहते हैं. उनके भाई के घर कुआं पूजन का आयोजन था. वारदात के समय आवास पर गार्ड मौजूद था, जिसने फायरिंग की जानकारी दी.

गौरतलब  है कि शिवराम यादव के भाई शिवकुमार यादव की 2017 में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी और इस हमले के पीछे सुंदर भाटी गैंग का नाम सामने आया था. आरोप है कि सुंदर भाटी गैंग के सदस्य व उसके भतीजे अनिल भाटी ने 10 लाख रुपये की सुपारी लेकर शार्प शूटरों से हत्या कराई थी

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement