ऋषिकेश में आजतक द्वारा आयोजित धर्म संसद में स्वामी चिदानंद सरस्वती ने पहलगाम घटना पर कहा कि इसने उन्हें भीतर तक झकझोर दिया है और यह 'इस्लामिक आतंकवाद' है. उन्होंने सभी मौलवियों और मौलानाओं से अपील की कि वे समाज को बताएं कि "नफरत से कभी किसी का नफा नहीं होता और मोहब्बत में कभी किसी का नुकसान नहीं होता." देखें...