'सुबह 11 से दोपहर 3 बजे तक धूप में जाने से बचें', केरल में भीषण गर्मी के बीच सरकार ने जारी की एडवाइजरी

मार्च के महीने की शुरुआत से ही केरल में भीषण गर्मी पड़ने लगी है. इसे देखते हुए सरकार ने हेल्थ एडवाइजरी जारी कर दी है. स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि लोग सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक धूप में जाने से बचें. दिन में कई बार पानी पिएं. अतिरिक्त सावधानी बरतें. दरअसल, केरल के कुछ हिस्सों में तापमान 54 डिग्री सेल्सियस को पार कर चुका है.

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केरल सरकार ने गर्मी से बचाव के लिए एडवाइजरी जारी की है (फाइल फोटो- PTI) केरल सरकार ने गर्मी से बचाव के लिए एडवाइजरी जारी की है (फाइल फोटो- PTI)

aajtak.in

  • तिरुवनंतपुरम,
  • 11 मार्च 2023,
  • अपडेटेड 7:56 AM IST

केरल के कुछ हिस्सों में अभी से चिलचिलाती गर्मी पड़ने लगी है. लिहाजा तापमान 54 डिग्री सेल्सियस के पार चला गया है. इसे लेकर केरल सरकार ने एक हेल्थ एडवाइजरी जारी की है. इसके तहत लोगों को बहुत ज्यादा सावधानी बरतने के लिए कहा गया है. केरल के स्वास्थ्य विभाग ने डी-हाड्रेशन, दस्त, लू लगने और अन्य बीमारियों से बचने के लिए कई उपाय सुझाए हैं.

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राज्य के स्वास्थ्य विभाग का यह कदम KSDMA की हीट इंडेक्स रिपोर्ट के एक दिन बाद आया है. इसमें केरल के कई हिस्सों में अत्यधिक 'तापमान दर्ज किया गया है. केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने कहा कि केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (KSDMA) ने पहले ही लोगों को बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में एक विस्तृत परामर्श जारी कर दिया है.

मंत्री ने कहा कि गर्मी का मौसम है और किसी को प्यास लगने का इंतजार नहीं करना चाहिए. नियमित अंतराल पर पानी पिएं और सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे के बीच सीधे धूप में जाने से बचें. उन्होंने कहा कि KSDMA ने इन घंटों के बीच सभी बाहरी कामों पर प्रतिबंध लगा दिया है. साथ ही कहा कि गर्भवती महिलाओं और बच्चों को अतिरिक्त सावधानी बरतें और सीधे धूप में जाने से बचें.

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वीना जॉर्ज ने कहा कि राज्य में इन्फ्लूएंजा और चिकन पॉक्स के कुछ मामले बढ़ने की खबरें है. मलप्पुरम जिले में जलजनित बीमारी हैजा के 11 मामले सामने आने से सरकार की मुश्किलें और बढ़ गई हैं. उन्होंने कहा कि मलप्पुरम में हैजा के 11 मामले दर्ज किए गए हैं. जब स्वास्थ्य विभाग ने एक निरीक्षण किया, तो पता चला कि इलाके के कुछ होटल अपना सीवेज नदी में छोड़ रहे हैं और जो लोग नदी के निचले हिस्से से पानी भरते हैं, वही बीमार पड़े हैं. उन्होंने कहा कि वायुमंडलीय तापमान में लगातार वृद्धि हो रही है और इससे बहुत तेजी से डी-हाइड्रेशन हो सकता है.

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि इतनी ज्यादा गर्मी में कोई भी चक्कर खाकर गिर सकता है. बीमारियों की आशंका बढ़ गई है. अगर कोई भी असहज महसूस कर रहा है तो तुरंत ही डॉक्टर को दिखाएं. 

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