तमिलनाडु के सीएम एमके स्टालिन और DMK प्रमुख ने इंडिया गठबंधन की सहयोगी पार्टियों से एकजुट रहने की अपील की है. स्टालिन ने कहा कि बीजेपी के खिलाफ वोट बंटने नहीं चाहिए. त्रिची में एक कार्यक्रम में स्टालिन ने कहा कि हर राज्य में राजनीतिक स्थिति अलग-अलग होती है, मैं सभी से आग्रह करता हूं कि वह ये सोचकर काम करें कि केंद्र में सत्ता किसकी होनी चाहिए. सबका एक ही लक्ष्य होना चाहिए, बीजेपी को दोबारा सत्ता में नहीं आने देना है.
स्टालिन ने कहा कि बीजेपी के खिलाफ वोट बंटना नहीं चाहिए. बीजेपी ने चंडीगढ़ में मेयर का चुनाव इसलिए रद्द कर दिया, क्योंकि वहां इंडिया गठबंधन जीतने वाला था. अगर वे मेयर का चुनाव भी रद्द कर रहे हैं, तो इंडिया गठबंधन के नेताओं को यह एहसास होना चाहिए कि बीजेपी हमसे कितना डर रही है. हमें इसका लाभ उठाना चाहिए.
डीएमके प्रमुख ने कहा कि हमें इस मौके का फायदा उठाना चाहिए. अगर हम एकजुट रहेंगे, तो निश्चित तौर पर बीजेपी की हार होगी और लोकतंत्र की जीत होगी. स्टालिन ने आरोप लगाया कि अगर बीजेपी सत्ता में वापस आती है तो राज्य अब नहीं रहेंगे. बीजेपी राज्यों को निगमों में बदल देगी.
स्टालिन ने कहा कि तमिलनाडु में बीजेपी जीरो है, इसलिए तमिलनाडु में बीजेपी को लेकर चिंता करने की कोई जरूरत नहीं है, लेकिन अकेले तमिलनाडु में भाजपा को हराने से कुछ नहीं होगा, भाजपा को पूरे देश में हराना होगा. स्टालिन ने कहा कि जो पार्टियां बीजेपी को हराना चाहती हैं, वे इंडिया गठबंधन का हिस्सा हैं, लेकिन ये गठबंधन सिर्फ एक पार्टी को हराने के लिए नहीं बना है. अगर लोकतंत्र, सांप्रदायिक सद्भाव और उत्पीड़ित समुदायों को बचाना है, तो भाजपा को दोबारा सत्ता में नहीं आने देना है. अगर बीजेपी सत्ता में वापस आती है, तो संघवाद, लोकतांत्रिक मानदंड, संसदीय कार्यवाही और यहां तक कि वह राज्य को भी खत्म कर निगमों में बदल देगी.
सीएम ने कहा कि हमने अपनी आंखों के सामने देखा कि कैसे उन्होंने जम्मू-कश्मीर को तोड़ा. वहां कोई चुनाव नहीं है. राजनीतिक नेताओं को नजरबंद कर दिया गया. ये बीजेपी की तानाशाही है. अन्य राज्यों का भी यही हाल होगा. सवाल विहीन संसद, 140 सांसदों का निलंबन, क्या यह संसदीय लोकतंत्र का अपमान नहीं है? क्या बाकी दुनिया हम पर नहीं हंसेगी?
शिल्पा नायर