25 हजार की घूस मांगी तो नायब तहसीलदार की कार से बांध दी भैंस

सिरोंज तहसील में नायब तहसीलदार ने जब एक व्यक्ति से 25 हजार रुपये की रिश्वत मांगी तो उसने नायब तहसीलदार की गाड़ी से अपनी भैंस को बांध दिया. और अब गाड़ी से बंधी इस भैंस ने सोशल मीडिया से लेकर अखबारों तक में सुर्खियां बटोर ली हैं.

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गाड़ी से ही बांध दी भैंस गाड़ी से ही बांध दी भैंस

हेमेंद्र शर्मा

  • विदिशा,
  • 12 सितंबर 2019,
  • अपडेटेड 9:06 AM IST

  • विदिशा से सामने आया घूस का मामला
  • किसान ने नायब तहसीलदार की गाड़ी से बांधी भैंस
  • 25 हजार की घूस मांगने का आरोप

अगर आपसे कोई अधिकारी रिश्वत मांगे तो आप क्या करेंगे? आप रिश्वत देंगे? और आपके पास पैसे नहीं हुए तो क्या करेंगे? मध्य प्रदेश के विदिशा जिले से एक दिलचस्प मामला सामने आया है. यहां की सिरोंज तहसील में नायब तहसीलदार ने जब एक व्यक्ति से 25 हजार रुपये की रिश्वत मांगी तो उसने तहसीलदार की गाड़ी से अपनी भैंस को बांध दिया. और अब गाड़ी से बंधी इस भैंस ने सोशल मीडिया से लेकर अखबारों तक में सुर्खियां बटोर ली हैं.

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दरअसल, सिरोंज के ही रहने वाले भूपेंद्र सिंह का कहना है कि वह पिछले छ: महीने से अपने परिवार की जमीन के मामले के चक्कर में नायब तहसीलदार के पास आ रहे हैं, लेकिन वह काम करने से मना कर रहे हैं. और पैसों की मांग कर रहे हैं, मेरे पास पैसा नहीं है, मेरे पास मेरी भैंस ही सबसे ज्यादा कीमती है. इसलिए मैंने नायब तहसीलदार को वही दे दी.

हालांकि, भूपेंद्र सिंह के द्वारा लगाए गए आरोपों पर नायब तहसीलदार सिद्धार्थ सिंघल ने जवाब दिया है और इन आरोपों को नकार दिया है.

सिद्धार्थ सिंघल का कहना है कि भूपेंद्र सिंह ये सब पब्लिसिटी के लिए कर रहे हैं. हालांकि, जब उनसे भूपेंद्र सिंह के पेंडिंग काम के बारे में पूछा गया तो उन्होंने चुप्पी साध ली.

हालांकि, लंबी बहस के बाद भूपेंद्र सिंह अपनी भैंस वापस ले गए और अपना एक ज्ञापन मुख्यमंत्री के लिए छोड़ गए. उन्होंने इस ज्ञापन को सब डिविजनल मैजिस्ट्रेट को सौंप दिया है. एसडीएम का कहना है कि भूपेंद्र सिंह के द्वारा जो आरोप लगाए जा रहे हैं, उनकी जांच की जा रही है.

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