आजतक के ई-एजेंडा कार्यक्रम में प्रवासी मजदूरों के मुद्दे पर कांग्रेस सांसद और पूर्व केंद्रीय मंत्री मनीष तिवारी और पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद जयंत सिन्हा के बीच तीखी बहस हुई. मनीष तिवारी ने केंद्र सरकार पर जोरदार हमला बोला. तिवारी ने कहा कि केंद्र सरकार ने 4 घंटे के नोटिस पर पूरे देश में लॉकडाउन कर दिया. इसी का नतीजा है कि प्रवासी मजदूरों की हालत खराब है. वह घर जाने को मजबूर हैं. उन्होंने जयंत सिन्हा से सवाल पूछा कि आखिर सरकार मजदूरों के खातों में सीधे पैसा क्यों नहीं डाल रही है.
ये भी पढ़ें: e-एजेंडा Aaj Tak: जावड़ेकर बोले- राहुल की डिमांड से ज्यादा कर दी लोगों की मदद
जयंत सिन्हा ने मनीष तिवारी के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि यह राजनीति का वक्त नहीं है. हमें पता है कि लाखों मजदूर सड़क पर हैं. ऐसे में हमें राजनीति करने की जगह मिलजुल कर उनकी मदद करनी चाहिए. उन्होंने कहा कि मैं इंसानियत के लिए भीख मांग रहा हूं कि ट्रेन चला दीजिए ताकि मजदूर अपने घर जा सकें. जयंत सिन्हा ने कहा कि केंद्र सरकार मजदूरों की हरसंभव मदद कर रही है. अब राज्य सरकारों को केंद्र से और ट्रेन की मांग करनी चाहिए.
उन्होंने कहा, "हजारीबाग में मैंने मुख्यमंत्री को 60 हजार लोगों की सूची भेजी है. वे सभी वापस झारखंड लौटना चहाते हैं. 6 लाख लोगों ने झारखंड सरकार से वापस लौटने की गुहार लगाई है. मैं चाहता हूं कि मुख्यमंत्री केंद्र सरकार से और ट्रेन चलवाने की मांग करें, ताकि जो लोग सड़कों पर फंसे हैं वो वापस आ सकें.''
eAgenda Aaj Tak Aatm Nirbhar Bharat की लाइव कवरेज यहां देखें
बीजेपी सांसद जयंत सिन्हा ने कहा, " हम गांव में गरीबों और किसानों की मदद कर रहे हैं. उन्हें भोजन के रूप में अनाज और सत्तू बांट रहे हैं, उन्हें किट दिलवा रहे हैं, जिसमें जरूरत के सामान हैं. कई योजनाओं के तहत हर गरीब और किसानों के खाते में करीब 10-11 हजार रुपये डाल चुके हैं."
उन्होंने कहा कि प्रवासी मजदूरों को खाना और रहने की व्यवस्था की जा रही है. उनसे गुजारिश की जा रही है कि आप पैदल घर नहीं लौटें लेकिन उनके अंदर डर है. हमें उस डर को हटाना होगा.
aajtak.in