हिमाचल प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनाव में आजाद भारत के पहले वोटर श्याम शरण नेगी जी वोट डालेंगे. आज़ाद हिंदुस्तान के पहले आम चुनाव में पहला वोट डालने वाले किन्नौर के श्याम शरण नेगी जी आज के दौर के सबसे उम्र दराज वोटर हैं.
पहली बार 1952 में डाले गए थे वोट
1952 में पहली लोकसभा चुनने के लिए देश के पहले आम चुनाव हुए थे. बर्फबारी और मौसम के मिजाज को देखते हुए हिमाचल प्रदेश के ऊपरी इलाकों में सबसे पहले मतदान हुआ था. इतिहास बताता है कि देश के बाकी हिस्सों में फरवरी 1952 में वोट डाले गए थे लेकिन हिमाचल के ऊपरी हिस्सों में अक्टूबर में ही मतदान हो गया था. क्योंकि जनवरी-फरवरी में तो उन इलाकों में घर से निकलना ही दुश्वार होता है. तो पोलिंग पार्टी का उन इलाकों में पहुंचना नामुमकिन सा ही था.
पहली लोकसभा के लिए मतदान तब राष्ट्रीय उत्सव से भी बढ़कर था. मतदान के दिन किन्नौर ज़िले के आल्पा गांव के युवा श्याम शरण नेगी जी सुबह ही सजधज कर वोट डालने पहुंचे थे. अब तो उनकी उम्र 100 साल पार हो चुकी है. श्याम दादा 2 जुलाई को जन्मदिन मनाते हैं और जन्म का साल है 1917. तो हुए न सौ पार!
इतिहास के पहले और सबसे उम्र दराज वोटर
1951 के अक्टूबर की सर्द सुबह सबसे पहला वोट डालते समय ये पता भी नहीं था कि ये वोट सरकार के साथ-साथ रिकॉर्ड भी बना रहा है. देश के लोकतांत्रिक इतिहास में पहले वोटर के साथ श्याम सिंह नेगी अब तो सबसे उम्र दराज वोटर के तौर पर हमेशा के लिए दर्ज हो गए हैं.
चुनाव आयोग ने किए खास इंतजाम
1951 से लगातार हर चुनाव में वोट डालने वाले श्याम दादा इस बार विधानसभा चुनाव में भी समारोहपूर्वक वोट डालेंगे. उम्र का असर है तो चल फिर नहीं पाते लेकिन दिमाग, आंख और कान फिर भी तेज हैं. चुनाव आयोग ने इस खास मतदाता के लिए इंतज़ाम भी खास किए हैं. इनके लिए खास तरह का वाहन बनवाया गया है जिससे नेगी इस बार भी आसानी से वोट डाल सकें.
मतदान केंद्र तक बिछेगा कालीन
उनके घर से पास के मतदान केंद्र तक लाल कालीन बिछाया जाएगा. मतदान केंद्र पर उनका स्वागत खुद ज़िला मतदान अधिकारी करेंगे. सम्मानपूर्वक नेगी दादा को मतदान केंद्र में ले जाकर उनका वोट डलवाया जाएगा. यानी लोकतंत्र के उत्सव और इतिहास का लोक उत्सव. जिसमें मतदाता ही देवता है और खुद ही पुजारी भी.
9 नवंबर को हिमाचल में मतदान
बता दें कि हिमाचल प्रदेश के लिए विधानसभा चुनाव मतदान 9 नवंबर को होगा. हिमाचल प्रदेश में सभी 7,521 मतदान केंद्रों पर VVPAT वाली वोटिंग मशीनों का इस्तेमाल किया जाएगा और सभी पोलिंग बूथों की वीडियोग्राफी होगी.
संजय शर्मा