दक्षिण कोरियाई कार निर्माता हुंडई की मशहूर इलेक्ट्रिक एसयूवी Kona Electric में एक बड़ी तकनीकी खराबी आने की संभावना व्यक्त की गई है. जिसके चलते कंपनी अपनी Kona ईवी के 853 यूनिट्स को रिकॉल (Recall) किया है. कंपनी ने ये फैसला कूलेंट में लीकेज की संभावना के चलते लिया है. बता दें कि, कंपनी द्वारा ये रिकॉल अमेरिका में जारी किया है और इसका इंडियन मार्केट से कोई सरोकार नहीं है. इस रिकॉल से प्रभावित मॉडलों की समस्या कंपनी द्वारा मुफ्त में ठीक की जाएगी.
तकनीकी खराबी के चलते ये समस्या हो सकती है उत्पन्न
कंपनी के द्वारा जारी बयान में बताया गया है कि, Kona EVs के इलेक्ट्रिक पावर कंट्रोल यूनिट (EPCU) में इंटरनल लीकेज से पावर की कमी हो सकती है. जिसके चलते संभावना है कि वाहन बंद हो जाए. इसी समस्या को ठीक करने के लिए ये रिकॉल किया गया है. हालांकि, इस खराबी के चलते अब तक किसी भी प्रकार की दुर्घटना की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है.
2021 में किया गया था प्रभावित मॉडलों का निर्माण
जानकारी के अनुसार, इस रिकॉल से जितने मॉडल प्रभावित हैं उनका निर्माण साल 2021 में किया गया था. ये EPCU से लैस हैं, जिसमें DC कनवर्टर हाउसिंग में अपर्याप्त सीलिंग हो सकती है. ऐसे में कंपनी का कहना है जल्द ही वह इन कार मालिकों को रिकॉल संबंधित आगे की जानकारियां के बारे में सूचित कर देगी, ताकि समय रहते वाहनों का परीक्षण कर इस समस्या से निजात पाई जा सके.
भारत में भी होती है Hyundai की Kona EV की बिक्री
गौरतलब हो कि, Hyundai द्वारा Kona EV की बिक्री भारत में भी की जाती है. फिलहाल भारत में इस तरह की दिक्कतें अभी नहीं दर्ज की गई हैं. इंडियन मार्केट में मौजूद मॉडल में कंपनी ने 39.2kWh की क्षमता का बैटरी पैक दिया है और इसका इलेक्ट्रिक मोटर 136hp की पावर और 395Nm का टार्क जनरेट करता है. कंपनी का दावा है कि ये इलेक्ट्रिक वाहन सिंगल चार्ज में 452 किलोमीटर तक का ड्राइविंग रेंज देती है और 50 kW DC चार्जर का उपयोग करके महज 57 मिनट में ही 0-80 प्रतिशत तक बैटरी चार्ज की जा सकती है. यहां पर इसकी कीमत 23.84 लाख रुपये से लेकर 24.03 लाख रुपये के बीच है.
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