गोरखपुर से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. दरअसल, मिली जानकारी के अनुसार, गोरखपुर के थाना हरपुर बुदहट इलाके के एक युवक ने प्रेमिका को शादी का भरोसा दिलाकर चार साल तक रिश्ता रखा. दोनों लिव-इन में रहे, इस दौरान दो बार गर्भपात कराया गया. फिर युवक ने दिन में प्रेमिका से कोर्ट मैरिज की और उसी रात घरवालों के दबाव में दूसरी युवती से शादी कर ली. प्रेमिका को इसकी भनक लगी तो वह उसके घर पहुंची, लेकिन घरवालों ने उसे उल्टा सीधा कहकर भगा दिया. इसके बाद युवती ने पुलिस से इंसाफ की गुहार लगाई है.
यह है पूरा मामला
चार साल का रिश्ता, दो बार गर्भपात और बच्चा नर्स को सौंपने का आरोप लगाते हुए पीड़िता ने कहा कि युवक से उसकी मुलाकात चार साल पहले हुई थी. दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और उन्होंने मंदिर में शादी कर ली. इसके बाद वे लिव-इन में रहने लगे. इस दौरान युवक ने दो बार गर्भपात भी कराया. फिर जब वह गर्भवती हुई, तो तारामंडल स्थित एक नर्सिंग होम में डिलीवरी करवाई, लेकिन युवक ने बच्चे को किसी नर्स को सौंप दिया.
कोर्ट मैरिज का झांसा और फिर दूसरी शादी
युवक के घरवालों ने उसकी शादी कहीं और तय कर दी थी. जब प्रेमिका को पता चला तो युवक ने उसे समझाया कि अगर वे कोर्ट मैरिज कर लेंगे, तो घरवाले मजबूरी में मान जाएंगे. शादी की तारीख भी वही रखी गई, जिस दिन घरवालों ने दूसरी शादी फिक्स की थी. सुबह युवक ने प्रेमिका से कोर्ट मैरिज की और रात में दूसरी शादी कर ली.
एसपी नार्थ जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि हमें शिकायत मिली है और जांच में घटना सही पाई गई है. अधिकारियों से कार्रवाई करने को कहा गया है.
इस मामले में जब आजतक की टीम ने आरोपी युवक का पक्ष जानना चाहा तो उसने बताया कि एक महीने पहले अरैंज मैरिज के जरिए परिवार वालों की सहमति से शादी की थी. वह उसी के साथ रहता है, वहीं, जब एक अन्य लड़की द्वारा युवक पर चार साल पहले से रिलेशन में रहने का आरोप लगा था, तो युवक ने कहा कि उस लड़की द्वारा लगाए गए सारे आरोप बेबुनियाद हैं.
वहीं, शिकायत करने वाली लड़की से जब फोन पर बात की गई तो उसने सीधे कहा कि हमने अपनी शिकायत वापस ले ली है और आपसी समझौता कर लिया है. ऐसे में क्या वाकई में कोर्ट मैरिज जैसा कुछ हुआ था या ये भी शिकायतकर्ता द्वारा झूठा प्रचार प्रसार किया गया, इस पर भी सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं. मंगलवार को दोपहर 1 बजे के करीब शिकायतकर्ता ने थाने पहुंचकर आपसी समझौता कर लिया और कुछ भी ना बताते हुए फोन काट दिया.
रवि गुप्ता