बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं के निलंबन पर पार्टी के प्रदेश महामंत्री राजेंद्र भंडारी ने बताया कि अगर कोई अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता अनुशासनहीनता के दायरे में आता है तो उसके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी.
उन्होंने बताया कि विभिन्न जिलों में जिला स्तर पर गठित समिति से प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर यह कार्रवाई की गई है. ये लोग प्रत्याशियों के विरुद्ध जिला पंचायत के प्रादेशिक निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव लड़ने और पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्त पाए गए. ऐसे में प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट के निर्देशानुसार इन सभी 90 लोगों को पार्टी से छह साल के लिए बाहर कर दिया गया है.
प्रदेश मीडिया प्रभारी डॉ. देवेंद्र भसीन ने बताया कि इस सूची में शामिल 90 नामों में पूर्व में जारी सूची के 40 नाम भी शामिल हैं. उस समय इन 40 कार्यकर्ताओं के खिलाफ निष्कासन की कार्रवाई शुरू की गई थी. अब प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट के निर्देश पर पूर्व घोषित 40 पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और 50 नए पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को पद मुक्त करने के साथ पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है.
देवेंद्र भसीन ने कहा कि पार्टी विरोधी गतिविधियों के चलते पार्टी की ओर से कार्यकर्ताओं को चेतावनी भी दी गई थी. लेकिन हिदायत के बावजूद जब कार्यकर्ता नहीं माने तो हाईकमान ने उन्हें पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया.
कई और लोग भी निष्कासन के रडार पर
सूत्र बताते हैं कि अभी पार्टी के कई लोग और भी रडार पर हैं. प्रदेश अध्यक्ष की ओर से चेतावनी दे दी गई है. पार्टी अपने विधायकों पर भी नजर बनाए हुए है. खासकर ऐसे विधायक संगठन के रडार पर हैं, जो पार्टी समर्थित प्रत्याशी के बजाय दूसरे उम्मीदवार का पक्ष ले रहे हैं.
प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट ने भी कहा कि सभी जिलों से रिपोर्ट मंगवाई गई है. अगर कोई गड़बड़ी मिली तो पार्टी बड़ी कार्रवाई कर सकती है. (इनपुट-IANS)
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