Vinesh Phogat CASE Verdict: पेरिस ओलंपिक 2024 में दमदार प्रदर्शन करने और एक ही दिन में 3 मैच जीतकर फाइनल में जगह बनाने के बावजूद विनेश फोगाट को मेडल के लिए लंबी लड़ाई लड़नी पड़ रही है. एक समय विनेश ने अपना सिल्वर मेडल पक्का कर लिया था, लेकिन 100 ग्राम ज्यादा वजन के कारण वो गोल्ड मेडल मैच में नहीं उतर सकीं और डिसक्वालिफाई होकर बाहर हो गईं.
विनेश पेरिस ओलंपिक में रेसलिंग के 50 किग्रा फ्रीस्टाइल इवेंट में उतरी थीं. फाइनल से ठीक पहले डिसक्वालिफाई होने के बाद विनेश ने कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स (CAS) में केस दर्ज कराया. उनकी पहली मांग तो यही थी कि उन्हें गोल्ड मेडल मैच खेलने की अनुमति दी जाए.
मगर नियमों का हवाला देते हुए उनकी यह मांग तुरंत ही नामंजूर कर दी थी. इसके बाद विनेश ने अपील करते हुए कहा कि उन्हें इस इवेंट में सिल्वर मेडल दिया जाना चाहिए. इस मामले में सुनवाई के बाद मंगलवार (13 अगस्त) की रात को फैसला आना था, लेकिन इसे फिर टाल दिया गया.
विनेश के मामले में अब CAS अपना फैसला 16 अगस्त की रात 9.30 बजे सुनाएगा. विनेश ने 6 अगस्त को पहला मैच खेला था. उनके लिए यह 8 दिन (13 अगस्त तक) कभी खुशी-कभी गम की तरह बीते हैं. आइए जानते हैं इन 8 दिनों में क्या-क्या हुआ...
6 अगस्त 2024
विनेश फोगाट ने 50 किलोग्राम वेट कैटेगरी में मंगलवार यानी 6 अगस्त को तीन मैच खेले थे. उन्होंने प्री-क्वार्टर फाइनल में टोक्यो ओलंपिक की चैम्पियन यूई सुसाकी को 3-2 से हराया. फिर विनेश ने क्वार्टर फाइनल में यूक्रेन की महिला पहलवान ओक्साना लिवाच को 7-5 से और सेमीफाइनल में क्यूबा की रेसलर युसनेइलिस गुजमैन को 5-0 से पटखनी देकर फाइनल में जगह बनाई. फाइनल 7 अगस्त को होना था.
7 अगस्त 2024
भारतीय फैन्स को इस उम्मीद थी कि विनेश फोगाट फाइनल मैच जीतकर इतिहास रचेंगी, क्योंकि रेसलिंग में भारत अब तक कोई ओलंपिक गोल्ड नहीं जीत सका. मगर 7 अगस्त यानी बुधवार को करीब 12 बजे जो खबर आई, उसने फैन्स को हैरान कर दिया. विनेश को पेरिस ओलंपिक से डिसक्वालिफाई कर दिया गया. दरअसल बुधवार सुबह फाइनल से पहले विनेश का वजन मापा गया तो 50 किग्रा कैटेगरी में खेलने के हिसाब से उनका वजन 100 ग्राम ज्यादा पाया गया.
रिपोर्ट्स के मुताबिक सेमीफाइनल के बाद विनेश का वजन 52.70 किग्रा तक बढ़ गया था. इसके बाद उनकी मेडिकल टीम ने रातभर विनेश का वजन घटाने की कोशिश की थी. विनेश ने रातभर स्किपिंग और साइकिलिंग की. नाखून और बाल तक कटा लिए. विनेश का वजन कम तो हुआ, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उनका वजन 50.10 किलोग्राम पर अटककर रह गया.
इसके बाद पहले विनेश के डिसक्वालिफाई और फिर उनके बेहोश होने की खबर सामने आई. विनेश को डिहाइड्रेशन के कारण ओलंपिक गांव के पॉलीक्लिनिक में भर्ती कराया गया था. हालांकि कुछ घंटों बाद विनेश को छुट्टी मिल गई.
इसके बाद विनेश फोगाट की ओर से 7 अगस्त 2024 को भारतीय समयानुसार रात 8 बजकर 15 मिनट पर एप्लीकेशन दी गई थी. विनेश ने CAS (Court of Arbitration for Sports) में अपील करते हुए कहा कि उन्हें इस इवेंट में सिल्वर मेडल दिया जाना चाहिए. ओलंपिक खेलों या उद्घाटन समारोह से पहले 10 दिनों की अवधि के दौरान उत्पन्न होने वाले किसी भी विवाद के समाधान के लिए यहां CAS स्थापित किया गया.
8 अगस्त 2024
8 अगस्त को विनेश फोगाट ने संन्यास लेने का ऐलान कर दिया. उन्होंने यह जानकारी सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए दी. विनेश फोगाट ने कहा कि मां कुश्ती मेरे से जीत गई. मैं हार गई माफ करना आपका सपना मेरी हिम्मत सब टूट चुके. इससे ज्यादा ताकत नहीं रही अब. अलविदा कुश्ती 2001-2024. उन्होंने माफी मांगते हुए कहा कि आप सबकी हमेशा ऋणी रहूंगी.
9 अगस्त 2024
9 अगस्त को CAS की एडहॉक डिवीजन ने विनेश फोगाट के मामले में एप्लीकेशन को रजिस्टर कर लिया. विनेश के मामले की मध्यस्थता के लिए ऑस्ट्रेलियाई जज को नियुक्त किया गया. इस मामले में CAS की ओर से एक प्रेस रिलीज जारी की गई और इससे जुड़ा बड़ा अपडेट दिया गया. विनेश के केस को CAS OG 24/17 विनेश फोगट vs यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग (UWW) और इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी (IOC) के तौर पर दर्ज किया गया.
विनेश के मामले में CAS के 4 वकील ने उनका पक्ष रखा, इनमें जोएल मोनलुइस, एस्टेले इवानोवा, हैबिन एस्टेले किम और चार्ल्स एमसन CAS सुनवाई में विनेश फोगाट का प्रतिनिधित्व करने वाले वकील रहे. बाद में भारत के पूर्व सॉलिसिटर जनरल हरीश साल्वे को भी विनेश फोगट की अयोग्यता मामले में CAS में भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) की ओर से ऑनलाइन पेश हुए.
फिर CAS ने पूरे मामले की सुनवाई 9 अगस्त को पूरी कर ली. हालांकि CAS की एडहॉक डिवीजन ने निर्णय देने के लिए समय सीमा 10 अगस्त को भारतीय समयानुसार रात 9.30 बजे तक के लिए बढ़ा दी. यानी विनेश को मेडल मिलेगा या नहीं, इस पर फैसला आने का इंतजार थोड़ा बढ़ गया.
10 अगस्त 2024
10 अगस्त को विनेश को मेडल मिलने के मामले में एक और अपडेट आया. जहां भारतीय रेसलर विनेश फोगाट को सिल्वर मिलेगा या नहीं? इसको लेकर फैसला सुनाने की तारीख फिर बढ़ा दी गई और इसे 13 अगस्त के लिए टाला गया. इस मामले की मध्यस्थता के लिए ऑस्ट्रेलियाई जज डॉ. एनाबेले बेनेट को नियुक्त किया गया. आमतौर पर एड-हॉक पैनल को फैसला सुनाने के लिए 24 घंटे का समय दिया जाता है, लेकिन इसकी तारीफ लंबी बढ़ा दी गई.
12 अगस्त
CAS के फैसले से ठीक एक दिन पहले विनेश फोगाट ने पेरिस में ओलंपिक विलेज को छोड़ दिया. वो अपने बैग लेकर होटल में चलीं गईं. इस दौरान विनेश के कई फोटोज और वीडियो भी सामने आए. विनेश को भी न्याय मिलने की पूरी उम्मीद थी. उनका प्लान फैसले के बाद भारत लौटने का रहा था.
13 अगस्त
आखिर वो दिन आ ही गया, जिसका विनेश समेत उनके परिवार, दोस्तों और भारतीय फैन्स को भी था. रात 9.30 बजे विनेश के मामले में कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स (CAS) ने अपना फैसला सुनाना था, लेकिन एक बार फिर विनेश और उनके परिवार के लिए यह इंतजार बढ़ गया. यानि उनके साथ फिर वही कभी खुशी कभी गम वाली बात हुई. कोर्ट ने अब फैसला 16 अगस्त के लिए टाल दिया है. CAS अब यह फैसला 16 अगस्त की रात 9.30 बजे सुनाएगा. देखना होगा विनेश को मेडल मिलता है या निराशा.
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