दूध पीने से हड्डियां बच्चों की मजबूत होती हैं लेकिन अगर नीति लागू करने वाली सरकारी नीयत की रीढ़ की हड्डी कमजोर हो तो बच्चे स्कूल में दूध का पाउडर होने के बावजूद एक ग्लास दूध के लिए तरसते हैं. कहानी राजस्थान की है. जहां के स्कूलों में पिछले तीन महीने से बच्चों को दूध देने वाली योजना का काम पूरा हो गया. लेकिन फिर योजना की शुरुआत करने में तारीख पर तारीख का खेल शुरु हुआ. दावों को मुताबिक ऐसा इसलिए क्योंकि मुख्यमंत्री व्यस्त हैं.
For the last three months in Rajasthan, the work of the scheme to provide milk to the children has been completed. But still children are not getting milk. Watch this video to know more.