अक्सर लोग अपनी जिंदगी में बुरा या भला होने के लिए अपने भाग्य या किस्मत को जिम्मेदार मानते हैं. सच तो ये है कि भाग्य जिंदगी को तय नहीं करता. जो कुछ भी होता है., चाहे वह अच्छा हो या बुरा सब हमारे कर्मों का फल है. इसलिए अच्छे कर्म करिए और खुद अपना भाग्य लिखें.