Ganesh Chaturthi 2025: बप्पा को खुश करने के लिए लगाइए ये 5 खास भोग, मिलेगा आशीर्वाद

Ganesh Chaturthi 2025: गणेश चतुर्थी इस बार 27 अगस्त 2025 को मनाई जाएगी. इसी दिन से गणेशोत्सव शुरू होगा और दस दिनों तक चलेगा. भगवान गणेश को न केवल लड्डू, बल्कि कई पारंपरिक व्यंजन भी अर्पित किए जाते हैं. आज हम आपको ऐसे ही कुछ व्यंजनों के बारे में बताएं जिन्हें आप आसानी से घर पर बना सकते हैं.

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गणेश चतुर्थी पर भगवान को लगाएं किन चीजों का भोग? (Photo: AI Generated) गणेश चतुर्थी पर भगवान को लगाएं किन चीजों का भोग? (Photo: AI Generated)

आजतक लाइफस्टाइल डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 26 अगस्त 2025,
  • अपडेटेड 7:07 AM IST

Ganesh Chaturthi Bhog 2025: गणेश चतुर्थी, हिंदू धर्म के सबसे खुशहाल त्योहारों में से एक हैं. इस साल गणेशोत्सव 27 अगस्त से शुरू होकर पूरे दस दिनों तक मनाया जाएगा. ये त्योहार विघ्नहर्ता और बुद्धि के देवता भगवान गणेश के जन्मदिन के तौर पर मनाया जाता है. त्योहार की शुरुआत घरों और पंडालों में गणपति की मिट्टी की मूर्ति स्थापित करने से होती है. भक्त अपने घर पर पधारे गणपति की पूरे दिल से प्रार्थना करते हैं और भगवान को भोग चढ़ाते हैं. यूं तो सबको पता है कि भगवान गणेश को लड्डू बहुत पसंद हैं, लेकिन उन्हें इसके अलावा भी बहुत से भोग लगाए जाते हैं. आज हम आपको गणेशोत्सव के दौरान गणपति बप्पा को चढ़ाए जाने वाले कुछ खास भोग बताने वाले हैं. चलिए जानते हैं गणेश चतुर्थी पर भगवान गणपति को लगाए जाने वाले भोग के बारे में. 

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मोतीचूर के लड्डू:  सुनहरे-सुनहरे दिखने वाले मोतीचूर के लड्डू गणेश जी की पसंदीदा मिठाइयों में से एक हैं. चीनी की चाशनी में डूबे बेसन के छोटे-छोटे दानों से बने ये गोल-गोल लड्डू खुशी, संपूर्णता और समृद्धि का प्रतीक हैं.

पायसम: पायसम एक मशहूर साउथ इंडियन मिठाई है जो दूध, चावल और गुड़ या चीनी से बनाई जाती है. इसमें इलायची और ढेर सारे ड्राई फ्रूट्स डालकर इसका स्वाद बढ़ाया जाता है.

केले का शीरा: ये व्यंजन सूजी, पके केले, दूध और ड्राई फ्रूट्स से बनाया जाता है. केले का शीरा अक्सर मंदिरों में प्रसाद के रूप में भी परोसा जाता है. इसका सिंपल लेकिन भरपूर स्वाद इसे गणेशोत्सव के लिए भोग के रूप में खास बनाता है.

नारियल के चावल: इस व्यंजन में चावल को नारियल के दूध में पकाया जाता है और हल्के मसालों के साथ परोसा जाता है. नारियल के चावल अपनी शुद्धता और सुगंध के लिए जाना जाता है. साउथ इंडियन रीति-रिवाजों में इसे शुभ माना जाता है और ये भगवान गणेश को अर्पित किया जाने वाला एक अद्भुत प्रसाद है.

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रवा पोंगल: रवा पोंगल भी गणेश चतुर्थी के पर्व पर भोग के रूप में बनाया जाता है. ये सूजी, मूंग दाल, घी और काजू से बना एक हल्का, मसालेदार व्यंजन है.  
 

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