पूरी दुनिया में आज यानी 8 मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जा रहा है. इस मौके पर दुनिया की सबसे बड़ी सर्च इंजन कंपनी गूगल ने महिलाओं के योगदान पर डूडल वीडियो समर्पित किया है. वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस अवसर पर महिलाओं को बधाई दी है.
बता दें कि गूगल के एनिमेटेड वीडियो में महिलाओं के योगदान को दिखाया गया है. महिला दिवस के मौके पर इस बार का थीम है I am Generation Equality: Realizing Women's rights. वहीं, इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी ने नारी शक्ति को सलाम किया है. वह आज समाज को प्रेरणा देने वाली किसी महिला को अपना सोशल मीडिया अकाउंट की कमान सौंपेंगे.
महिला दिवस के मौके पर राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने ट्वीट कर महिलाओं को शुभकामनाएं दी. उन्होंने लिखा, आइए हम महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने का संकल्प लें, ताकि वे अपनी आशाओं और अकांक्षाओं को पूरा करने के लिए अपनी इच्छा के अनुसार बिना रुके आगे बढ़ सकें.
इस मौके पर मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा, मैं सभी महिलाओं को शुभकामनाएं देता हूं. हम नई नीति के माध्यम से महिला सशक्तीकरण की दिशा में काम कर रहे हैं. बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ नई ऊंचाइयों पर है.
आज आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया के तहत आने वाली सभी इमारतों में महिलाओं का प्रवेश नि:शुल्क रहेगा. महिला दिवास पर यह पहली बार है जब देश की ऐतिहासिक इमारतों में महिलाओं की एंट्री नि:शुल्क रहेगी.
महिला स्पेशल गुड्स ट्रेन का संचालन
बता दें कि ईस्ट कोस्ट रेलवे का खुर्दा रोड डिविजन 1 मार्च से 10 मार्च 2020 तक अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मना रहा है, जिसका थीम 'Each for Equal' यानी प्रत्येक के लिए एक समान है. वहीं, महिलाओं को सशक्त बनाने लिए ओडिशा में शुक्रवार को खुर्दा रोड से पालस तक महिला स्पेशल गुड्स ट्रेन का संचालन किया गया. मालगाड़ी के चालक के रूप में मुन्नी तिग्गी लोको पायलट, असिस्टेंट लोको पायलट के तौर पर राजेश्वरी बिस्वाल और गार्ड के रूप में रेवती सिंह हैं. इस ट्रेन में चालक दल के सभी सदस्य महिलाएं हैं.
बता दें कि इतिहास में पहली बार 1909 में अंतरराष्ट्रीय दिवस मनाया गया था. हालांकि, यह दिवस पहली बार 8 मार्च को नहीं मनाया गया था. पहली बार इसे अलग तारीक को मनाया गया था, लेकिन बाद में महिलाओं के सम्मान के लिए एक तारीख 8 मार्च तय कर दिया गया.
पहली बार 28 फरवरी को मना था महिला दिवस
संयुक्त राष्ट्र ने 8 मार्च 1975 को महिला दिवस मनाने की शुरुआत की थी. अमेरिका में 1909 में पहली बार 28 फरवरी को महिला दिवस मनाया गया था. सोशलिस्ट पार्टी ऑफ अमेरिका ने न्यूयॉर्क में 1908 में गारमेंट वर्कर्स की हड़ताल को सम्मान देने के लिए इस दिन का चयन किया था. वहीं रूसी महिलाओं ने पहली बार 28 फरवरी को महिला दिवस मनाते हुए पहले विश्व युद्ध के खिलाफ विरोध दर्ज कराया था. यूरोप में महिलाओं ने 8 मार्च को पीस ऐक्टिविस्ट्स को सपोर्ट करने के लिए रैलियां की थीं.
गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाने की कवायद एक महिला का ही था. उनका नाम क्लारा जेटकिन था. क्लारा ने 1910 में कोपेनहेगन में कामकाजी महिलाओं की एक इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस के दौरान अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाने का सुझाव दिया था.
वहीं, दुनिया भर में 60 से ज्यादा देशों के लोग अंतरराष्ट्रीय पुरुष दिवस भी मनाते हैं. इस दिन को मनाने का मकसद, 'पुरुषों और लड़कों की सेहत पर ध्यान देना, लैंगिक संबंधों को बेहतर करना, लैंगिक समानता को बढ़ावा देना और समाज में सकारात्मक भूमिका निभाने वाले पुरुषों का प्रचार करना है.
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मोहम्मद सूफ़ियान