क्या योग सिर्फ हिंदू धर्म का हिस्सा है?

हमारे देश में राफिया नाज़ जैसे उदाहरण मौजूद हैं जिन्होंने योग को अपनाया. हालांकि झारखंड में योग सिखाने वाली राफिया को कुछ अराजक तत्वों ने परेशान करने की कोशिश की लेकिन उन्होंने योग नहीं छोड़ा.

Advertisement
फोटो: Getty फोटो: Getty

रोहित

  • ,
  • 15 जून 2018,
  • अपडेटेड 10:17 AM IST

जहां कई लोग आलस और व्यस्तता के कारण योग नहीं करते हैं वहीं कई ऐसे भी लोग हैं जिन्हें लगता है कि योग सिर्फ हिंदू धर्म का हिस्सा है. उन्हें लगता है कि योग करने से वे अपने धर्म के प्रति वफादार नहीं रह जाएंगे.

ये सोचना सरासर गलत है. ऐसा इसलिए क्योंकि योग कोई धार्मिक क्रिया नहीं बल्कि शरीर को स्वस्थ रखने की एक वैज्ञानिक कला है. सद्गुरु तर्क देते हैं कि हिंदुओं ने इसकी खोज तो की है लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि योग भी हिंदू हो गया. इस आधार पर तो न्यूटन के गुरुत्वाकर्षण नियम को ईसाई होना चाहिए. 

Advertisement

नहीं रुक रहा बालों का झड़ना तो आजमाएं ये उपाय

पतंजलि के अनुसार योग की परिभाषा है-“योगश्चित्तवृतिनिरोध:” अर्थात पतंजलि के अनुसार चित की वृतियों का निरोध ही योग कहलाता है." योग का धर्म से कोई लेना देना है इसका कहीं कोई जिक्र नहीं मिलता है.

हमारे देश में राफिया नाज़ जैसे उदाहरण मौजूद हैं जिन्होंने योग को अपनाया. हालांकि झारखंड में योग सिखाने वाली राफिया को कुछ अराजक तत्वों ने परेशान करने की कोशिश की लेकिन उन्होंने योग नहीं छोड़ा.

कई रोगों का इलाज है मुलेठी, जानें सेवन का सही तरीका

योग को आज विश्व स्तर पर पहचान मिल चुकी है. दुनियाभर के लोगों के बीच योग मशहूर है. हर वर्ष हजारों की संख्या में विदेशी योग सीखने के लिए भारत आते हैं. योग कोई भी सीख सकता है. इसका आपके स्वास्थ्य से लेना-देना है धर्म से बिल्कुल नहीं. 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement