पश्चिम बंगाल में डॉक्टरों के साथ मारपीट की घटना के बाद जारी हड़ताल अब धरने तक पहुंच गई है. इंडियन मेडिकल असोसिएशन (आईएमए) ने सोमवार को ओपीडी बंद कर दिल्ली स्थित अपने मुख्य कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन का ऐलान किया है. आइएमए के आह्वान को दिल्ली के 41 अस्पतालों के चिकित्सकों ने अपना समर्थन दिया है. हालांकि इमरजेंसी सेवाएं जारी रहेंगी.
दिल्ली के इन अस्पतालों में सुबह 6 बजे से ओपीडी बंद रहेगी-
सेठ हॉस्पिटल, यूनिटी हॉस्पिटल, जैनाब हॉस्पिटल, ट्रिस्टॉन किडनी हॉस्पिटल, निर्मल हॉस्पिटल प्राइवेट लिमिटेड, किरण हॉस्पिटल, वीनस हॉस्पिटल, एप्पल हॉस्पिटल, आइकन हॉस्पिटल, सोच इंस्टिट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ, ट्वेंटी फर्स्ट सेंचुरी हॉस्पिटल, बैंकर्स हर्ट इंस्टिट्यूट, स्पाइन हॉस्पिटल, संजीवनी हॉस्पिटल एंड आईसीयू, यूनिक हॉस्पिटल, लव एंड केयर हॉस्पिटल, बाप्स प्रमुख स्वामी हॉस्पिटल, सनशाइन ग्लोबल हॉस्पिटल, बन्सारी हॉस्पिटल, ग्रीन लीफ हॉस्पिटल, ट्रिस्टर हॉस्पिटल, उधना हॉस्पिटल, रतनदीप कैंसर सेंटर, लोखात सार्वजनिक हॉस्पिटल, शिवम हॉस्पिटल, स्पार्कल हॉस्पिटल, आईएनएस हॉस्पिटल, साईं ज्योति हॉस्पिटल, अर्जव हॉस्पिटल, आदित्य हॉस्पिटल, श्री प्राणनाथ मल्टी स्पेशिएलिटी हॉस्पिटल, आशुतोष हॉस्पिटल, साईं मेडिकल हॉस्पिटल, अमीना सार्वजनिक हॉस्पिटल, संजीवनी मल्टी स्पेशिएलिटी हॉस्पिटल, फीमेल फर्स्ट हॉस्पिटल, भारत कैंसर इंस्टिट्यूट, परम एनआईसीयू एंड चिल्ड्रेन हॉस्पिटल, आशीर्वाद हॉस्पिटल.
बैकफुट पर आई पश्चिम बंगाल सरकार, डॉक्टर भी बात करने को सशर्त तैयार
हड़ताल कर रहे डॉक्टरों को कार्रवाई की चेतावनी के बाद आंदोलन के बदले स्वरूप से पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी शनिवार को बैकफुट पर आ गई थीं. चिकित्सा को महान सेवा बताते हुए कहा था कि इसीलिए सरकार ने कोई कार्रवाई नहीं की. उन्होंने डॉक्टरों को संदेश दिया कि उनके दरवाजे वार्ता के लिए हमेशा खुले हैं. मुख्यमंत्री के इस रूख के बाद डॉक्टरों ने भी सकारात्मक रूख दिखाते हुए कहा कि वह सरकार से बात करने को तैयार हैं, लेकिन नवान्न के बंद कमरे में नहीं.
ऐसे भड़का था आंदोलन
गत सोमवार को कोलकाता के एनआरएस अस्पताल में एक मरीज की मौत के बाद तीमारदारों ने हंगामा किया था. तीमारदारों ने डॉक्टरों के साथ मारपीट की, इस घटना में डॉक्टरों को चोटें भी आई थीं. आक्रोशित डॉक्टर हड़ताल पर चले गए थे.
aajtak.in