अविश्वास प्रस्ताव में हर सदस्य को सरकार के समर्थन या विरोधी में किसी भी मुद्दे पर अपना विश्वास जताने की आजादी होती है. तभी तो जो विपक्ष मणिपुर के आधार पर अविश्वास प्रस्ताव लेकर आया, उसके सदस्यों ने भी महंगाई, बेरोजगारी, अदाणी विवाद, सीबीआई-ईडी के मुद्दे भी उठाए. इसीलिए तो हम शुरुआत से कह रहे हैं कि क्या मणिपुर के मुद्दे को गौड़ करके सिर्फ 2024 का रण ही इस शक्ति परीक्षण को बना दिया गया ?
The opposition brought no-confidence motion on the basis of Manipur, its members also raised the issues of price rise, unemployment, Adani dispute, CBI-ED. But is there any result of this anymore? Watch this video to know more.