तबरेज अंसारी मॉब लिंचिंग केस में केंद्रीय गृह मंत्रालय जल्द ही झारखंड पुलिस से बात कर सकता है. केंद्रीय गृह राज्य मंत्री किशन रेड्डी ने कहा कि हत्या की धारा हटाना दुर्भाग्यपूर्ण है. मैं पहले भी मॉब लिंचिंग पर बोल चुका हूं और ऐसा नहीं है कि बीजेपी शासित राज्यों में लिंचिंग बढ़ रही है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस पर बात की थी.
बात दें, तबरेज के शव की अंतिम पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दिल का दौरा पड़ने (कार्डिएक अरेस्ट) की वजह से मौत होने की बात कही गई है. इस रिपोर्ट के आधार पर आरोपी पर लगाया गया हत्या का आरोप हटा दिया गया है. रिपोर्ट के मुताबिक, तबरेज की मौत दिल के दौरे से हुई. पुलिस ने अदालत में आरोपपत्र पेश कर इस मामले में भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा-302 (हत्या) के बजाय धारा-304 के तहत मुकदमा शुरू करने की सिफारिश की है.
प्राथमिकी के आधार पर तबरेज की पिटाई करने वाले 11 लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया था. तबरेज को 17 जून को सरायकेला-खरसावां जिले में ग्रामीणों ने चोरी की एक बाइक के साथ पकड़ा था और उसकी पिटाई कर दी थी. पुलिस ने उसे जेल भेज दिया था और बाद में उसकी मौत हो गई. इस मामले में कुल 11 लोगों को गिरफ्तार किया गया था.
कमलजीत संधू