भारतीय सेना द्वारा पाकिस्तान के खिलाफ शुरू किए गए ऑपरेशन सिंदूर के बाद देश में ड्रोन की मांग तेजी से बढ़ी है. सूरत की Inside FPV नाम की कंपनी इन दिनों हाईटेक अटैक ड्रोन बनाने में जुटी हुई है.
इस कंपनी के मालिक देवांश भारद्वाज ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद उनकी कंपनी को सेना और अन्य देशों से ड्रोन की लगातार मांग मिल रही है. कंपनी अब ऐसे ड्रोन तैयार कर रही है जो दुश्मन पर मोटार, मिसाइल और ग्रेनेड से हमला करने में सक्षम हैं.
हाईटेक अटैक ड्रोन की डिमांड बढ़ी
इन ड्रोनों को ‘त्रिकाल मैक्स’ नाम दिया गया है. यह ड्रोन कैमरे के जरिए पहले सर्विलांस करता है और फिर सटीक टारगेट कर हमला करता है. एक ड्रोन में 5 से 6 छोटी मिसाइलें लगाई जा सकती हैं. ड्रोन में कैमरा भी लगाया गया है जिसे विशेष चश्मे से कंट्रोल किया जाता है. इसकी स्पीड 200 किलोमीटर प्रति घंटा है और यह 500 ग्राम विस्फोटक के साथ 7000 किलोमीटर दूर तक हमला कर सकता है.
ड्रोन में 5 से 6 छोटी मिसाइलें लगाई जा सकती हैं
इसके अलावा कंपनी ‘कामीकाजे’ ड्रोन भी बना रही है जो टारगेट पर अटैक करने के बाद वापस नहीं लौटता. यह एक बार इस्तेमाल होने वाला हमला ड्रोन है. Inside FPV द्वारा बनाए जा रहे ड्रोन की तस्वीरें और डेमो वीडियो भी सामने आए हैं. इन ड्रोनों का इस्तेमाल सेना के अलावा अन्य सुरक्षा एजेंसियां भी कर सकती हैं. फिलहाल कंपनी की उत्पादन क्षमता को बढ़ाया जा रहा है.
संजय सिंह राठौर