KVS Admissions 2022: एडमिशन क्राइटेरिया पर उठा सवाल, दिल्‍ली हाईकोर्ट में याचिका दाखिल

KVS Admissions 2022: उच्च न्यायालय में दायर की गई याचिका KVS में प्रवेश पाने के लिए तय न्यूनतम आयु के मानदंड को चुनौती देने के लिए है. आधिकारिक एडमिशन पोर्टल के अनुसार, कक्षा 1 में प्रवेश के लिए छात्र की आयु कम से कम 6 वर्ष होनी चाहिए. अभिभावकों की दलील है कि इस नीति की वजह से बच्चे का एक साल खराब हो जाएगा. 

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Delhi High Court: Delhi High Court:

संजय शर्मा

  • नई दिल्‍ली,
  • 02 मार्च 2022,
  • अपडेटेड 3:20 PM IST
  • कक्षा 1 के लिए शुरू हो गए हैं एडमिशन
  • बच्‍चे की न्‍यूनतम आयु 6 वर्ष होनी चाहिए

KVS Admissions 2022: केंद्रीय विद्यालय प्रवेश 2022 के लिए एडमिशन क्राइटेरिया को चुनौती देते हुए दिल्ली हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की गई है. केन्द्रीय विद्यालय KVS Admission 2022 के लिए रजिस्‍ट्रेशन का प्रोसेस 28 फरवरी, 2022 को शुरू हुआ है. प्रवेश प्रक्रिया कक्षा 1 के छात्रों के लिए रजिस्‍ट्रेशन के साथ शुरू हुई है.

उच्च न्यायालय में दायर की गई याचिका, KVS में प्रवेश पाने के लिए तय न्यूनतम आयु के मानदंड को चुनौती देने के लिए है. आधिकारिक एडमिशन पोर्टल के अनुसार, कक्षा 1 में प्रवेश के लिए छात्र की आयु कम से कम 6 वर्ष होनी चाहिए. 2022-23 के लिए आधिकारिक प्रवेश दिशानिर्देश पुस्तिका में कहा गया है, "जिस शैक्षणिक वर्ष में कक्षा 1 के लिए प्रवेश मांगा गया है, उसमें 31 मार्च को एक बच्चे की आयु 6 वर्ष होनी चाहिए." 

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दिल्ली हाईकोर्ट में केंद्रीय विद्यालय ने जवाब दिया है कि नई शिक्षा नीति की वजह से पहली कक्षा में दाखिले के लिए न्यूनतम उम्र सीमा साल बार बढ़ानी पड़ी है. अब 5 की जगह 6 साल की उम्र में दाखिला होगा. कुछ अभिभावकों ने इस बदलाव को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दे रखी है. उनकी दलील है कि इस नीति की वजह से बच्चे का एक साल खराब हो जाएगा. 

दिल्ली हाईकोर्ट ने पिछले हफ्ते 27 फरवरी को केंद्रीय विद्यालय संगठन को नोटिस देकर जवाब तलब किया था. जवाब में केंद्रीय विद्यालय संगठन की ओर से कहा गया है कि 'नई शिक्षा नीति 2020 के कारण न्यूनतम आयु के मानदंड में बदलाव करना पड़ा. प्राथमिक स्कूली शिक्षा यानी KG, LKG और UKG या कहें नर्सरी तक के तीन साल जोड़े गए हैं. इसलिए कक्षा 1 के लिए न्यूनतम आयु को 5 वर्ष से बढ़ाकर 6 वर्ष करना ही उपाय है.'
 
नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति NEP 2020 के तहत, स्‍कूली शिक्षा को '10+2' प्रणाली से बदलकर '5+3+3+4' शिक्षा प्रणाली कर दिया गया है. एक बच्चे की शिक्षा के पहले पांच वर्षों में, उन्हें तीन साल की आंगनवाड़ी या केजी कक्षाएं और फिर कक्षा 1 और कक्षा 2 पूरी करनी होगी. केंद्रीय विद्यालय संगठन के मुताबिक, सत्र 2022-23 में पहली कक्षा में दाखिले के लिए बच्चों की पहली सूची 25 मार्च को जारी की जाएगी.

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पहली लिस्‍ट के आधार पर होने वाले दाखिलों के बाद भी सीटें खाली रहती हैं तो उन सीटों को भरने के लिए 01 अप्रैल को दूसरी और जरूरत पड़ने पर तीसरी सूची 08 अप्रैल को संगठन की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी की जाएगी.

 

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