आयुर्वेद भारत की प्राचीनतम चिकिस्ता प्रणालियों में से एक है. चिकित्सा की यह अनूठी पद्वति शारीरिक विकारों की चिकित्सा के साथ-साथ उनसे बचने के उपायों पर भी बल देती है. अगर आप बहुत गंभीर स्थिति में हैं, तो किसी आयुर्वेदिक डॉक्टर के पास जाना सही नहीं होगा. आप उसके पास तभी जाएं, जब आपके पास ठीक होने का समय हो. आपात स्थिति के लिए एलोपैथी में बेहतर व्यवस्था है. मगर जब आपकी समस्याएं हल्की होती हैं, और आप जानते हैं कि वे उभर रही हैं, तो आयुर्वेदिक उपचार और दूसरी प्रणालियां उपचार के बहुत प्रभावशाली तरीके हैं. आयुर्वेद और एलोपैथी पर अपने विचार रखे राकेश शास्त्री, वैघ सत्य प्रकाश आर्य ने.