लंदन में मुत्तहिदा कौमी मूवमेंट का संस्थापक अल्ताफ हुसैन गिरफ्तार

लंदन में पुलिस ने मुत्तहिदा कौमी मूवमेंट (MQM) के संस्थापक अल्ताफ हुसैन को आज छापेमारी के दौरान गिरफ्तार कर लिया. दरअसल, कई विवादास्पद भाषणों के बाद हुसैन को गिरफ्तार किया गया है.

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अल्ताफ हुसैन [फाइल फोटो] अल्ताफ हुसैन [फाइल फोटो]

aajtak.in / लवीना टंडन

  • लंदन,
  • 11 जून 2019,
  • अपडेटेड 5:48 PM IST

लंदन में पुलिस ने मुत्तहिदा कौमी मूवमेंट (MQM) के संस्थापक अल्ताफ हुसैन को गिरफ्तार कर लिया है. विवादास्पद भाषणों के कारण अल्ताफ काफी वक्त से पुलिस के निशाने पर थे. जिसके कारण पुलिस ने आज छापेमारी के दौरान अल्ताफ को अपनी गिरफ्त में ले लिया.

दरअसल, कई विवादास्पद भाषणों के मामले में हुसैन को हिरासत में लिया गया है. साल 2016 में उन्होंने घृणास्पद भाषण देते हुए अपने अनुयायियों से अपना कानून लेने के लिए कहा था. इस मामले के तहत मेट्रोपॉलिटन पुलिस का कहना है कि आज पाकिस्तान में मुत्तहिदा कौमी मूवमेंट से जुड़े एक शख्स के जरिए किए गए कई भाषणों की जांच के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया है. पुलिस ने बताया कि 60 वर्षीय एक व्यक्ति को उत्तर पश्चिम लंदन की एक जगह से हिरासत में लिया गया है. शख्स की अपराध अधिनियम 2007 की धारा 44 के तहत गिरफ्तारी की गई है.

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जियो न्यूज ने सुरक्षा सूत्रों के हवाले से कहा कि स्कॉटलैंड यार्ड ने सुबह हुसैन के लंदन स्थित घर पर छापा मारा और उन्हें स्थानीय पुलिस स्टेशन ले जाया गया. जियो न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक स्कॉटलैंड यार्ड की फोरेंसिक इकाई ने भी हुसैन के आवास की तालाशी ली. उनकी गिरफ्तारी की खबर की एमक्यूएम सूत्रों ने पुष्टि की. रिपोर्ट के मुताबिक यह माना जा रहा है कि हुसैन की गिरफ्तारी 2016 में एक घृणा फैलाने वाले भाषण के सिलसिले में की गई है, जिसमें उन्होंने अपने समर्थकों से कानून अपने हाथ में लेने का आग्रह किया था. उन्होंने पूर्व डायरेक्टर जनरल रेंजर्स मेजर जनरल बिलाल अकबर को भी धमकाया था. 2017 में स्कॉटलैंउ यार्ड ने एमक्यूएम संस्थापक के जरिए 11 मार्च 2015 और 22 अगस्त 2016 को दिए गए भाषण के लिए पाकिस्तान को 'आपसी कानूनी सहायता' के तहत एक पत्र भेजा था.

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वहीं एक दिन पहले ही पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी को फर्जी बैंक अकाउंट मामले में गिरफ्तार कर लिया गया. एनएबी की एक टीम जरदारी के घर पहुंची और पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) के सह-अध्यक्ष जरदारी को गिरफ्तार कर लिया. फर्जी बैंक अकाउंट मामले में इस्लामाबाद हाई कोर्ट ने जरदारी और उनकी बहन फरयाल तालपुर की अंतरिम जमानत को बढ़ाने की अर्जी ठुकरा दी थी. इस्लामाबाद हाई कोर्ट ने इसके बाद एनएबी को जरदारी और फरयाल की गिरफ्तारी के आदेश दिए.

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