क्राइम ब्रांच ने सदर बाजार थाना परिसर में पुलिस के मुखबिर की हत्या में शामिल रहे दाऊद इब्राहिम के गुर्गे और कुख्यात गैंगस्टर अनवर ठाकुर को गिरफ्तार किया है. उसे हत्या के आरोप में उम्रकैद की सजा हो चुकी थी. वह पैरोल पर बाहर आया था, जिसके बाद वह फरार हो गया था.
इसके पास से ब्राजील निर्मित करीब 22 लाख रुपये कीमत की ब्रैटा पिस्टल और कारतूस बरामद हुए हैं. पूछताछ में पता चला कि वह छेनू पहलवान गिरोह को दोबारा खड़ा करने के प्रयास में जुटा था. क्राइम ब्रांच के मुताबिक मूल रूप से यूपी के मेरठ जिले का निवासी अनवर ठाकुर फरार होने के बाद से मयूर विहार फेज-1 में रह रहा था.
एसआई अशोक मलिक को सूचना मिली थी कि छेनू पहलवान के जेल जाने के बाद उसका गैंग दोबारा सक्रिय हो रहा है. गिरोह के बदमाशों से मिलने कभी दाऊद का गुर्गा रहा अनवर ठाकुर वजीराबाद रोड के नजदीक चांद बाग इलाके में आएगा. इसके बाद पुलिस ने जाल बिछाकर अनवर को वहीं से गिरफ्तार कर लिया. इस बदमाश ने सदर बाजार थाने के भीतर पुलिस के मुखबिर की गोली मारकर हत्या कर दी थी.
इसी साल 17 मार्च को वह पैरोल पर बाहर आया था. पैरोल खत्म होने के बाद वह फरार हो गया था. इसका बड़ा भाई अशरफ भी कुख्यात बदमाश था. वह 2002 में मुंबई में पुलिस एनकाउंटर में मारा गया था. बदमाश फजलू रहमान से भी इनके संबंध थे. फजलू गैंगस्टर बबलू श्रीवास्तव का सहयोगी रहा है.
शिवेंद्र श्रीवास्तव