सरकारी कंपनी एलआईसी के आईपीओ से पहले रविवार को इसका ड्राफ्ट सेबी के पास जमा हो गया. सरकार इस आईपीओ के जरिए अपनी 5 फीसदी हिस्सेदारी बेचने वाली है. अभी कंपनी में सरकार के पास 100 फीसदी हिस्सेदारी है. इस आईपीओ में एलआईसी के बीमाधारकों के लिए 10 फीसदी हिस्सा रिजर्व रहने वाला है. दूसरी ओर यूक्रेन को लेकर पश्चिमी देशों के साथ रूस का तनाव बढ़ जाने से दुनिया भर के शेयर बाजार प्रेशर में हैं. इसके चलते क्रूड ऑयल के दाम में आग लग गई है और एशियाई बाजार गिरावट में चल रहे हैं. आज के कारोबार में घरेलू बाजार पर भी इसका असर देखने को मिल सकता है.
Turkish Airlines के पूर्व चेयरमैन इल्केर आइची (Ilker Ayci) को Air India का नया MD और CEO नियुक्त किया गया है. Tata Sons ने Air India की जिम्मेदारी संभालने के बाद यह नियुक्ति की है. कंपनी के निदेशक मंडल की बैठक में सोमवार को यह निर्णय किया गया. Tata Sons के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन (N Chandrasekaran) ने भी 'Special Invitee' के रूप में बैठक में मौजूद थे. कंपनी ने कहा है कि इस नियुक्ति को अभी रेगुलेटरी अप्रुवल मिलना बाकी है.
कौन है इल्केर आइची
आइची Turkish Airlines के चेयरमैन और बोर्ड के सदस्य रह चुके हैं. इस्तांबुल में 1971 में जन्में आइची Bilkent University के डिपार्टमेंट ऑफ पॉलिटिकल एडमिनिस्ट्रेशन के पूर्व छात्र हैं. उन्होंने 1997 में इस्तांबुल के Marmara University से इंटरनेशल रिलेशन में मास्टर प्रोग्राम की पढ़ाई पूरी की.
सप्ताह के पहले ही दिन बाजार में बिकवाली का ऐसा आलम रहा कि करीब साल भर की सबसे बड़ी एकदिनी गिरावट का रिकॉर्ड बन गया. बाजार की इस उल्टी चाल में इन्वेस्टर्स के लाखों करोड़ों के व्यारे-न्यारे हो गए. जब कारोबार समाप्त हुआ तो बीएसई 1,747.08 अंक (3 फीसदी) गिरकर 56,405.08 अंक पर रहा. इसी तरह एनएसई निफ्टी 531.95 अंक (3.06 फीसदी) गिरकर 16,842.80 अंक पर बंद हुआ. यह दोनों मेजर इंडेक्स के लिए करीब एक साल की सबसे बड़ी एकदिनी गिरावट है. इससे पहले पिछले साल 26 फरवरी को सेंसेक्स में 1,940 अंक और निफ्टी में 568 अंक की गिरावट आई थी.
पिछले एक साल में सेंसेक्स (Sensex) करीब 10 फीसदी चढ़ा है. दूसरी ओर, इस अवधि में एक मल्टीबैगर स्टॉक (Multibagger Stock) में 2,332.7 फीसदी का जबरदस्त उछाल देखने को मिला. इस तरह देखा जाए तो Brightcom Group के शेयर ने अपने इंवेस्टर्स को एक साल में 2,332.7 फीसदी का रिटर्न दिया. कंपनी के एक शेयर का दाम 12 फरवरी, 2021 को 6.17 रुपये था जो सोमवार को BSE पर चढ़कर 150.10 रुपये हो गया. इस उछाल का मतलब है कि एक साल पहले अगर किसी ने एक लाख रुपये इस शेयर में इंवेस्ट किए होंगे तो वह रकम इस समय 24.32 लाख रुपये हो गई होगी.
थोक कीमतों पर आधारित महंगाई दर (WPI) जनवरी में मासिक आधार पर नरमी के साथ 12.96 फीसदी पर आ गई. इस प्रकार जनवरी में WPI में नवंबर के 14.87 फीसदी और दिसंबर के 13.56 फीसदी के मुकाबले लगातार तीसरे महीने गिरावट देखने को मिली. मासिक आधार पर गिरावट के बावजूद जनवरी में होलसेल कीमतों पर आधारित महंगाई दर काफी ऊंची रही. इसकी वजह मुख्य रूप से मिनरल ऑयल, क्रूड पेट्रोलियम और नेचुरल गैस, बेसिक मेटल, केमिकल्स और केमिकल प्रोडक्ट्स, खाने-पीने के सामान की कीमतों में तेजी है.
एबीजी शिपयार्ड (ABG Shipyard Ltd) घोटाले का दंश अब शेयर मार्केट (Share Market) को भी महसूस होने लगा है. एनएसई पर सबसे ज्यादा गिरावट Nifty PSU Bank इंडेक्स में देखने को मिली. दोपहर के कारोबार में यह 3.50 फीसदी तक के नुकसान में थे. निफ्टी बैंक (Nifty Bank) 2.80 फीसदी से ज्यादा और निफ्टी प्राइवेट बैंक (Nifty Pvt Bank) 2.25 फीसदी के आस-पास लुढ़का हुआ था. इसी तरह बीएसई पर S&P BSE Bankex इंडेक्स 3.15 फीसदी के नुकसान में ट्रेड कर रहा था.
यूक्रेन और रूस के बीच तनाव बढ़ने, ABG Shipyard से जुड़े कथित बैंकिंग फ्रॉड को लेकर FIR दर्ज किए जाने जैसे डेवलपमेंट से सोमवार को शेयर बाजार में भूचाल आ गया. कारोबार शुरू होने के कुछ मिनटों में ही सेंसेक्स 1,500 अंक तक लुढ़क गया. इसका असर अडानी विल्मर (Adani Wilmar) के शेयर पर भी देखने को मिला था और शुरुआती कारोबार में कंपनी के शेयर में गिरावट आ गई थी. हालांकि बाद में उसमें तेजी देखने को मिली. दूसरी ओर, ABG Shipyard से जुड़ा डेवलपमेंट सामने आने के बाद SBI, ICICI Bank और HDFC के शेयरों में जबरदस्त गिरावट देखने को मिल रहा है. JSW Steel और ITC के शेयर भी लुढ़क गए.
बाजार पर यूक्रेन संकट का प्रेशर प्री-ओपन से ही दिख रहा था. प्री-ओपन सेशन में बीएसई सेंसेक्स करीब 1500 अंक (2.46 फीसदी) गिरा हुआ था. कारोबार की जैसे ही शुरुआत हुई, सेंसेक्स करीब 1,200 अंक गिरकर खुला. कुछ ही मिनटों में यह 1,500 अंक तक गिर गया. हालांकि बाद में इसने कुछ वापसी की, लेकिन अभी भी बाजार भारी नुकसान में है. आज दिन के कारोबार में यही ट्रेंड हावी रहने की आशंका है.