प्रधानमंत्री शेख हसीना ने इस्तीफा देकर बांग्लादेश छोड़ दिया है. विद्रोही भीड़ जगह-जगह लूट पाट और हिंसा कर रही है. हिंदू अल्पसंख्यकों और उनकी संपत्तियों को निशाना बनाया गया है. बांग्लादेश की कट्टरपंथी पार्टी जमात-ए-इस्लामी ने खुद एक बयान जारी कर हिंदू अल्पसंख्यकों को निशाना बनाए जाने की बात स्वीकार की है.