यूपी पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा में धांधली का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि जालसाज एक और सिपाही भर्ती में सेंधमारी की कोशिश में थे. स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (SSC) द्वारा कॉन्स्टेबल के पद लिए आयोजित एग्जाम में से दो डमी परीक्षार्थी पकड़े गए हैं. गुजरात के गांधीनगर के सेंटर पर कॉन्स्टेबल के पद के लिए आयोजित कंप्यूटर बेस्ड एग्जाम देने मध्यप्रदेश के दो परीक्षार्थियों की जगह डमी उम्मीदवार पहुंचे थे. गांधीनगर स्थित एक ही एग्जाम सेंटर में अलग-अलग एग्जाम शिफ्ट से दो डमी विद्यार्थियों को पकड़ा गया है.
MP का उम्मीदवार, पेपर देने पहुंचा यूपी का शख्स
मध्यप्रदेश के मुरैना के रहने वाले बबलू कंसाना की जगह मध्यप्रदेश के ग्वालियर में रहनेवाला राधेश्याम शर्मा डमी उम्मीदवार बनकर एग्जाम देने सेंटर पर पहुंचा था. मध्यप्रदेश के जबलपुर में रहने वाले विद्यार्थी अंतेन्द्र सिंह की जगह उत्तरप्रदेश के फिरोजाबाद में रहने वाला आशीष शर्मा डमी उम्मीदवार के तौर पर कंप्यूटर बेस्ड एग्जाम देने सेंटर पर पहुंचा था.
दोनों डमी उम्मीदवार नकली आधारकार्ड के जरिए गांधीनगर के भाट में ओमटैक सोल्यूशन में कॉन्स्टेबल के पद लिए आयोजित कंप्यूटर बेस्ड एग्जाम देने की फीराक में थे. SSC द्वारा आयोजित भर्ती परीक्षा का कांट्रैक्ट TCS को मिला है, ऐसे में पूरे देश में कॉन्स्टेबल के पद लिए कंप्यूटर बेस्ड एग्जाम गुजरात के 16 केंद्रों पर आयोजित हुई थी. एक ही दिन में अलग अलग चार शिफ्ट में एग्जाम का आयोजन हुआ था, जिसमें भाट के ओमटैक सोल्यूशन में आयोजित तीसरी और चौथी शिफ्ट की एग्जाम के दौरान कुल दो डमी विद्यार्थी पकड़े गए.
ऐसे खुली डमी कैंडिडेट्स की पोल
पहली और दूसरी शिफ्ट की एग्जाम शांतिपूर्ण तरीके से खत्म होने के बाद तीसरी शिफ्ट की एग्जाम दोपहर 2.30 से 3.30 के दौरान होनी थी, जिसके लिए परीक्षा केंद्र में दोपहर 1.15 पर नियमानुसार उम्मीदवारों को प्रवेश दिया जा रहा था. नियमों के मुताबिक़ उम्मीदवार की फोटो खींचकर उसी फोटो के साथ आवेदन के वक्त अपलोड की हुई उम्मीदवार की फोटो मैच की जा रही थी. सेंटर पर मौजूद उम्मीदवार की फोटो और आवेदन के वक्त अपलोड की हुई फोटो मैच होने के बाद ही सेंटर में प्रवेश मिलता है, ऐसे में परीक्षार्थी बबलू कंसाना का फोटो मिस- मैच होने से लोगइन नहीं हो पा रहा था.
मध्यप्रदेश के मुरैना के रहने वाले बबलू कंसाना का फोटो मिस - मैच होने पर आवेदन के वक्त अपलोड किए गए फोटो वाले शख्स की जगह डमी शख्स एग्जाम सेंटर में आने होने की हकीकत पता लगी. डमी विद्यार्थी राधेश्याम शर्मा को पकड़कर पूछताछ करने पर उसने कबूला कि मुरैना के बबलू कंसाना की जगह एग्जाम देने उसे अजीतसिंह गुर्जर नाम का शख्स लेकर आया था.
चौथी शिफ्ट के पेपर में ऐसे पकड़ा गया जालसाज
इसके बाद चौथी शिफ्ट के एग्जाम शाम 5 से 6 बजे तक होनी थी, जिसके लिए मध्यप्रदेश के जबलपुर में रहनेवाले विद्यार्थी अंतेन्द्र सिंह की फोटो भी प्रवेश करने वाले शख्स से मैच नहीं हुई थी. फोटो मैच ना होने के इस किस्से में भी आधारकार्ड से छेडछाड की गई होने की आशंका पैदा हुई और जांच की गई थी. जांच करने पर पता लगा कि अंतेन्द्र सिंह की जगह उत्तरप्रदेश के फिरोजाबाद में रहने वाला आशीष शर्मा डमी उम्मीदवार के तौर पर कंप्यूटर बेस्ड एग्जाम देने पहुंचा था. अडालज पुलिस द्वारा कुल पांच लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है. नकली आधारकार्ड के जरिए एग्जाम देने की फिराक में सेंटर पर पहुंचे दो डमी उम्मीदवारों को गिरफ्तार कर कानूनी कार्यवाही शुरू की गई है.
अतुल तिवारी