यूपी में शपथग्रहण होते ही अयोध्या में रामायण म्यूजियम के लिए 25 एकड़ जमीन वो भी कैबिनिट की बैठक से पहले ही. भूमि का वचन मिला तो कैबिनेट की बैठक के बाद महीनों से अटकी जेवर हवाई अड्डे की परियोजना पर मुहर लग गई. कुछ ही महीनों में दोनों पर काम भी शुरू हो जाएगा. वर्ष 2019 के आम चुनाव से पहले राम मंदिर बने या ना बने पर म्यूजियम तो बन ही जाएगा. जेवर का हवाई अड्डा भी इतना तो बन ही जाएगा कि वोटों के जहाज उड़ान भरने लगेंगे.
जेवर के हवाई अड्डे को लेकर तकनीकी पेंच फंसाया जा रहा था कि दिल्ली से 70 किलोमीटर के दायरे में दूसरा हवाई अड्डा कैसे होगा. इससे बेहतर तो आगरा या फिर हरियाणा में भिवाड़ी के पास बनाया जाए. लेकिन, जमीन की उपलब्धता और अन्य व्यावहारिक सहूलियत की वजह से जेवर में यात्री और कार्गो हवाई अड्डा बनाने पर मुहर लग ही गई.
पर्यटन और संस्कृति मंत्री डॉ महेश शर्मा ने 'आज तक' से बातचीत में बताया कि अब विकास के महामार्ग पर उत्तर प्रदेश दौड़ने लगा है. तालमेल बेहतर है. फिलहाल तो अंतरराष्ट्रीय इंडेक्स में 12 पायदानों की छलांग लगी है. लेकिन इस बीच सुप्रीम कोर्ट का आदेश भी आया है जिसके तहत हाईवे के किनारे शराब की दुकानें हटाने का आदेश है. फिर रिहायशी इलाकों में भी शराब की दुकानें शिफ्ट करने का विरोध हो रहा है. इसका फिलहाल तो कोई असर टूरिज्म पर नहीं पड़ा है. लेकिन लंबे समय में इसका भी अध्ययन कराया जाएगा कि आखिर असर कैसा और कितना हो रहा है.
डॉ शर्मा के मुताबिक उत्तर प्रदेश में राम और कृष्ण यानी रामायण और महाभारत के साथ बौद्ध सर्किट की भी कई परियोजनाएं पुरानी सरकारों की उदासीनता की वजह से अटकी पड़ी थीं. कहीं तकनीकी अटक थी तो कहीं राजनीतिक वजह से. लेकिन अब सब सही होने से विकास के प्रवाह में कोई रोक नहीं है. सारा काम जल्दी-जल्दी होगा तो उत्तर प्रदेश के साथ-साथ यहां की जनता का स्तर भी ऊंचा होगा. यूपी में खुशहाली आएगी तो बिहार तक इसकी चमक और धमक दिखेगी. यानी विकास होगा तो दिखेगा जरूर.
संजय शर्मा