रेल यात्रियों को बड़ी राहत, अब स्टेशन से 20 किमी दूर से बुक करें अनरिजर्व्ड टिकट, जानें प्रोसेस

Railways UTS App: रेल मंत्रालय ने गैर-उपनगरीय (non-suburban) खंडों के लिए यूटीएस ऑन मोबाइल ऐप पर 20 किमी तक की दूरी से अनारक्षित टिकट बुक करने की सुविधा का विस्तार करने का फैसला लिया है. इसी दौरान उपनगरीय इलाकों (suburban Areas) में इस दूरी को बढ़ाकर 5 किमी कर दिया गया है.

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UTS app functions for booking Unreserved Tickets (Photo- Social Media) UTS app functions for booking Unreserved Tickets (Photo- Social Media)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 15 नवंबर 2022,
  • अपडेटेड 12:56 PM IST

अगर बिना रिजर्वेशन सफर करना हो तो अनारक्षित या अनरिजर्व्ड टिकट खरीदने के लिए यूटीएस ऑन मोबाइल ऐप (UTS App)  एक शानदार विकल्प है. इसके जरिए प्लेटफॉर्म टिकट और सीजन टिकट बुकिंग और रिनुअल की भी सुविधा मिलती है. रेल यात्रियों के लिए अब राहत की खबर है. रेल मंत्रालय ने गैर-उपनगरीय (non-suburban) खंडों के लिए यूटीएस ऑन मोबाइल ऐप पर 20 किमी तक की दूरी से अनारक्षित टिकट बुक करने की सुविधा का विस्तार करने का फैसला लिया है. इसी दौरान उपनगरीय इलाकों (suburban Areas) में इस दूरी को बढ़ाकर 5 किमी कर दिया गया है.

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पहले क्या थी व्यवस्था? 
इससे पहले, अनारक्षित टिकट बुकिंग प्रणाली यूटीएस ऑन मोबाइल ऐप के जरिए गैर-उपनगरीय खण्‍डों में यात्रियों को सिर्फ 5 किमी तक के दायरे में टिकट बुक करने की अनुमति दी गई थी. वहीं, उपनगरीय खंड के लिए, यूटीएस ऑन मोबाइल ऐप के माध्यम से टिकट बुकिंग के लिए दूरी की सीमा 2 किमी थी.  अनारक्षित टिकट बुकिंग प्रणाली से जुड़ी डिटेल्स जानने के लिए www.utsonmobile.indianrail.gov.in वेबसाइट पर जाया जा सकता है. बता दें कि UTS ऐप एंड्रॉएड और आईओएस दोनों के लिए उपलब्ध है. ऐप को सेंटर फॉर रेलवे इन्फॉर्मेशन सिस्टम्स (CRIS) ने बनाया है. इसके जरिए हार्ड कॉपी और पेपरलेस टिकट, दोनों पाने का विकल्प मिलता है. अब इस ऐप को हिंदी में भी इस्तेमाल किया जा सकता है.

UTS ऐप के क्या हैं फायदे?
सबसे बड़ा फायदा तो यही है कि टिकट खरीदने के लिए लाइन में लगने की जरूरत नहीं है. यह पेपरलेस व्यवस्था है और पर्यावरण के अनुकूल है. ऐप से बुक टिकट को बिना इंटरनेट कनेक्शन ऑफलाइन मोड में टीटीई को दिखाया जा सकता है. आखिरी वक्त में यात्रा की प्लानिंग की हो तो यह ऐप बेहद मददगार साबित हो सकता है. यह ऐप पूरी तरह कैशलेस ट्रांजेक्शन को बढ़ावा देता है. इंटरनेट बैंकिंग, यूपीआई, डेबिट-क्रेडिट कार्ड, वॉलेट आदि सभी तक के पेमेंट मोड को सपोर्ट करता है. और तो और, रेल वॉलेट की सुविधा का इस्तेमाल करने वाले यात्रियों को कुछ छूट भी मिलती है.

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UTS App Details in Hindi

कैसे इस्तेमाल करें ऐप? 
ऐप में 5 किस्म की टिकट बुकिंग की सुविधा मिलती है. नॉर्मल बुकिंग, क्विक बुकिंग, प्लेटफॉर्म बुकिंग, सीजनल बुकिंग और क्यूआर बुकिंग. क्यूआर बुकिंग के लिए विभिन्न रेलवे स्टेशनों के बाहर क्यूआर कोड लगे होते हैं, जिन्हें स्कैन करके टिकट बुक किए जा सकते हैं. ऐप डाउनलोड करने के बाद कोई बुकिंग करने से पहले आपको रजिस्ट्रेशन करना होगा. अपनी डिटेल्स सब्मिट करके रजिस्ट्रेशन करने के बाद लॉगिन कीजिए. किसी भी तरह की बुकिंग के दौरान कन्फर्म टिकट पाने के लिए आर-वॉलेट में टिकट के मूल्य का बैलेंस जरूर मेंटेन करें. रजिस्ट्रेशन करते ही जीरो बैलेंस वाला आर-वॉलेट क्रिएट हो जाता है, जिसे इंटरनेट बैंकिंग और अन्य माध्यमों से रिचार्ज किया जा सकता है.

कैसे बुक करें टिकट?
अनारक्षित और बिना रियायत वाले टिकट बुक करने की एक शर्त ये है कि वो यात्रा वाले दिन ही बुक किए जा सकते हैं. इस ऐप में अडवांस टिकट बुक करने की सुविधा नहीं है. इसके अलावा, अगर जीपीएस लोकेशन ऑन नहीं है तो उसे ऑन कर लें वर्ना टिकट बुक नहीं होगा. अनारक्षित टिकट बुक करने के लिए क्विक बुकिंग में जाकर बुक टिकट्स को सेलेक्ट करें. इसके बाद, लिस्ट से फेवरेट रूट सेलेक्ट करें. फेवरेट रूट की लिस्ट प्रोफाइल से ऐड की जा सकती है. यह भी जरूरी है कि प्लेटफॉर्म टिकट या अनारक्षित टिकट बुक करते वक्त आपका मोबाइल रेलवे स्टेशन के 2-5 किमी के दायरे में और रेलवे ट्रैक से 15-25 मीटर दूर हो. यानी अगर आप प्लेटफॉर्म पर खड़े होकर टिकट बुक करने की कोशिश करेंगे तो ऐसा नहीं हो पाएगा.

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