अब फ्री नहीं रहेगा UPI? किन लोगों को देना पड़ेगा चार्ज 

5 Aug 2026

Photo: AI Generated

भारत में पॉपुलर है UPI

यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस (UPI) का भारत में बड़े स्तर पर इस्तेमाल हो रहा है. सिर्फ एक क्विक रिस्पोंस कोड (QR Code) स्कैन करके और पिन एंटर करके, पेमेंट की जा सकती है.

Photo: AI Generated

सिंपल और सिक्योर है UPI 

सिंपल और सिक्योर होने की वजह से भारत में UPI का बड़े स्तर पर इस्तेमाल हो रहा है. बीते महीने करीब 23.7 बिलियन UPI पेमेंट्स हुई हैं. 

Photo: AI Generated

UPI को लेकर प्रस्ताव 

अब लौटते हैं कि UPI को लेकर नया नियम क्या है. दरअसल, UPI को लेकर आने वाले दिनों में बदलाव किए जा सकते हैं, जिसके लिए संसद में प्रस्ताव पेश किया है. 

Photo: Unsplash

संसद में संसोधन का प्रस्ताव

UPI में बदलाव करने के लिए वित्त मंत्री ने संसद में पेमेंट एंड सेटलमेंट सिस्टम्स एक्ट में संसोधन का प्रस्ताव पेश किया.

Photo: Unsplash

सरकार लागू करेगी MDR

यह प्रस्ताव अगर संसद में मंजूर हो जाता है, तो सरकार को UPI पेमेंट पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लागू करने का अधिकार मिल जाएगा.

Photo: Unsplash

किन लोगों पर चार्ज 

प्रस्ताव अगर लागू हो जाता है तो बैंकों और पेमेंट सर्विस प्रोवाइडर्स को सरकार द्वारा नोटिफाइड इलेक्ट्रॉनिक पेमेंट मीडियम पर MDR वसूला जा सकेगा.

Photo: Unsplash

आम लोगों पर असर नहीं

अगर MDR लागू होता है, तो ये चार्ज कस्टमर से नहीं बल्कि व्यापारियों से लिया जाएगा. व्यापारी यह चार्ज बैंक और पेमेंट सर्विस प्रोवाइडर्स को डिजिटल पेमेंट प्रोसेसिंग के लिए देंगे.  

Photo: Unsplash

UPI पर कितना चार्ज लगेगा  

रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, प्रस्तावों में से एक के तहत 2,000 रुपये से अधिक के UPI ट्रांजैक्शन पर 0.3% से 0.5% तक MDR लगाया जा सकेगा. 

Photo: Unsplash

 टर्नओवर 1.5 करोड़ 

यह चार्ज सिर्फ उन बिजनेस पर लागू होगा, जिनका सालभर का टर्नओवर 1.5 करोड़ रुपये अधिक है.

Photo: Unsplash

प्लान B पर कर रहे काम 

पॉलिसीमेकर एक अन्य ऑप्शन पर भी काम कर रहे हैं, जिसमें ट्रांजैक्शन चार्ज की राशि पर नहीं बल्कि सालाना टर्नओवर को आधार बनाकर चार्ज वसूला जाए. 

Photo: Unsplash

Read Next