अशोक चौधरी का कहना है कि इस मामले में CBI जांच सुनिश्चित की जाएगी. जो भी व्यक्तिगण या पक्षकार इससे जुड़े हैं, उनकी भूमिका जांच के दायरे में आएगी. सिस्टम में तकनीकी परेशानियों के कारण न्याय प्रक्रिया में देरी हुई थी, जिसके चलते लोगों में आक्रोश व्याप्त था. कई लोगों को लगा था कि कहीं कुछ लोगों को बचाया जा रहा है या अन्याय हो रहा है. लेकिन अब सीबीआई की जांच से साफ़ होगा कि क्या सही है और क्या गलत.