भाजपा और शिंदे हिंदुत्व को बढ़ावा दे रहे हैं जबकि ठाकरे भाई मराठी संस्कृति और एजेंडे पर जोर दे रहे हैं. हमारे एजेंडे की बात करें तो वह बहुत स्पष्ट है. हमारा पूरा फोकस मुंबई और वहां की कर संबंधी समस्याओं पर है. हम चुनाव में इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाते हैं. हमारा मानना है कि धर्म, जाति, भाषा या प्रांत के कारण विवाद नहीं होने चाहिए.