यूट्यूबर सलमान की तलाश तेजी से हो रही है क्योंकि उसने सोशल मीडिया पर लोगों को उकसाकर इलाके में माहौल खराब करने की कोशिश की है। जाँच में पता चला है कि इलाके के कुछ प्रभावशाली लोग व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए लोगों को असामाजिक गतिविधियों में शामिल होने के लिए उकसा रहे थे। वे लोग तुर्कमान गेट पर मस्जिद के पास भीड़ जमा करने और पुलिस के काम में बाधा डालने के लिए प्रोत्साहित कर रहे थे। प्रशासन ने स्पष्ट किया था कि मस्जिद के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं की जाएगी, लेकिन इलाके का अरोचमेंट हटाने के लिए बुलडोजर जाएगा। स्थानीय और बाहरी लोग भी पथराव में शामिल थे। समाजवादी पार्टी के कुछ स्थानीय नेताओं और कुछ यूटूबर्या और मीडिया अकाउंट्स पर भी पुलिस की निगरानी है। इस मामले में तीस लोगों की पहचान हो चुकी है और बड़ी गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं। पुलिस के पास अस्सी से अधिक वीडियो मिले हैं जो हिंसा और उकसाने वाले लोगों की पहचान में मदद कर रहे हैं।