परीक्षा प्रणाली को हैक नहीं किया गया था बल्कि कंपनी के सर्वर को बाईपास कर प्रॉक्सी सर्वर का इस्तेमाल किया जाता था. इसके बाद स्क्रीन शेयरिंग व्यूवर एप के जरिए परीक्षा का पेपर बाहरी सॉल्वर तक पहुंचाया जाता था. बाहरी सॉल्वर सवाल हल करके अभ्यार्थियों को उत्तर उपलब्ध कराते थे. इस गिरोह ने सीएपीएफ, एसएसएफ कांस्टेबल, जी और असम राइफल्स राइफलमैन परीक्षा 2026 में सेटिंग कराने का झांसा दिया था.