नेपाल में फ्लैश फ्लड के बाद शव नहीं मिलने पर कुछ परिवार कुश घास से प्रतीकात्मक शव बनाकर अंतिम संस्कार कर रहे हैं. गरुड़ पुराण में भी ऐसी स्थिति में दर्भ यानी कुश घास की प्रतिकृति के दाह संस्कार का उल्लेख मिलता है. इसे पुत्तल दाह, दर्भादाह या तृणपिंड दाह जैसे नामों से जाना जाता है.