ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने समुद्री मार्ग खोलने की बात पर सहमति जताई थी, लेकिन बाद में इस फैसले को IRGC ने रद्द कर दिया. यह स्थिति राजनीतिक और सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है क्योंकि समुद्री रास्ता कई देशों के लिए नौवहन में अहम माना जाता है. आईआरजीसी के इस फैसले से क्षेत्रीय तनाव बढ़ सकता है और ईरान की विदेश नीति पर असर पड़ सकता है.