इस वीडियो में अंजना जी राहुल के जीतने की तैयारी के दौरान कन्वर्जन करने का प्रयास करती हैं. वारिस जी उनको बोलने का मौका देते हैं लेकिन अंजना जी का कहना है कि ऐसा करना सही नहीं है. यह संवाद दर्शाता है कि किस प्रकार वार्तालाप में लोग एक दूसरे को मौका देते हुए भी अपनी बात रखते हैं.