चिराग पासवान ने SIR के मुद्दे पर बात करते हुए कहा कि ये मुद्दा देश में पहली बार नहीं उठाया गया है. पहले भी कई बार यह प्रक्रिया देश में अपनाई गई है और इसका आधार वही पुरानी प्रक्रिया है. पहले यह ऑनलाइन संभव नहीं था लेकिन अब इसे ऑनलाइन भी लागू किया गया है.