रूस के ऊपर प्रतिबंधों से जुड़े विवादों में भारत के पुराने रिश्तों को नजरअंदाज करने का सवाल गंभीर रूप से उठता है. पिछले समय में भी मोदी जी ने टफ मामलों और तेल के मुद्दे पर अमेरिका के सामने झुकाव दिखाया है. ऐसे में यह समझना जरुरी है कि आखिर ऐसा कौन-सा कारण है जो भारत को अपनी पुरानी संधि और मित्रता को छोड़कर बार-बार अमेरिका के आगे नतमस्तक कर रहा है. यह विषय भारत की विदेश नीति और अंतरराष्ट्रीय संबंधों की गहराई को दर्शाता है.