scorecardresearch
 

बत्ती जलाई है तो बिल देना जरूरी है, देखिए बकाया मांगने का अनोखा अंदाज

नब्बे के दशक में छोटे जिलों में जिन लोगों का जन्म हुआ है उन्हें याद होगा, जब उनके मुहल्ले में रिक्शे पर बैठकर एक अनाउंसर फिल्मों का प्रचार करता था. लोगों को छविगृह यानी कि सिनेमा हॉल तक बुलाने का जो अंदाज होता था वो लोगों को बेहद आकर्षित करता था.

कानपुर में बिजली का बकाया बिल मांगने का अनोखा तरीका कानपुर में बिजली का बकाया बिल मांगने का अनोखा तरीका

  • कानपुर में कई गांवों में बिजली का बकाया बिल भुगतान नहीं होने से परेशान विभाग
  • यूपीपीसीएल ने बकाया बिल वसूलने का शुरू किया एक अनोखा तरीका

यूपी के कानपुर में कई गांवों में बिजली का बकाया बिल भुगतान नहीं किए जाने से यूपी पॉवर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) परेशान है.  यूपीपीसीएल ने अब बकाया बिल वसूलने का एक अनोखा तरीका शुरू किया है.

बिजली विभाग दिन भर एक प्रचार गाड़ी लेकर गांव-गांव घूमता है और लोगों से बकाया बिल भुगतान करने की अपील करता है.

नब्बे के दशक में छोटे जिलों में जिन लोगों का जन्म हुआ है उन्हें याद होगा, जब उनके मुहल्ले में रिक्शे पर बैठकर एक अनाउंसर फिल्मों का प्रचार करता था. लोगों को छविगृह यानी कि सिनेमा हॉल तक बुलाने का जो अंदाज होता था वो लोगों को बेहद आकर्षित करता था.

कई छोटे बच्चे, रिक्शे के पीछे काफी दूर तक भागते रहते थे और अनाउंसर फिल्म, उसमें काम करने वाले कलाकार, शो टाइम आदि की जानकारी देता रहता था.

डायलॉग के बीच-बीच में फिल्म का गाना चलता था. बच्चे गाने के साथ झूमते गाते पीछे-पीछे दौड़ते रहते थे.

यूपी के खखरेरू गांव का नजारा भी उन दिनों की याद दिलाता है. खासकर अनाउंसर के बोलने का अंदाज और शायरी पुराने दिनों में खींच ले जाती है. अनाउंसर पहले यूपीपीसीएल का संदेश बोलते हुए लोगों से बिल जमा करने की अपील करता है. वो कहता है कि अगर किसी ने बिल जमा नहीं कराया तो उसका कनेक्शन कट सकता है, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो सकती है.

फिर पुराना गाना चलने लगता है और फिर शायरी.. बिल्कुल पुराने दिनों वाले स्टाइल में..

ऊपर वाले की मर्ज़ी के बिना एक पत्ता हिल नहीं सकता, बिजली की बकाया बिल जमा कराने का इससे अच्छा मौक़ा मिल नहीं सकता... बीच में गाने की धुन चलती है. फिर कलाकार बोलता है- नींद आने से पहले इंसान सो नहीं सकता, जिसका बिल जमा है उसके घर में अंधेरा हो नहीं सकता...

इंसान इस दुनिया में अकेला आया है अकेला जाएगा, जो बिजली का बिल जमा नहीं करेगा उसके घर में अंधेरा हो जाएगा.... फिर फिल्म 'प्यार की जीत' का एक गाना चलने लगता है- आज मेरे प्यार की जीत हो जाने दो..... आशा भोंसले की आवाज़ में.

फिर कलाकार दूसरी शायरी बोलता है- पैसा फर्क डाल देता है हर रिश्तों में, अब घरेलू बिल जमा कीजिए किश्तों में... म्यूज़िक चलने लगता है.. फिर अनाउंसर बोलता है- ये अच्छा और सुनहरा मौक़ा है आप सब के लिए...

फिर लाउडस्पीकर पर गाना चलने लगता है.. वफ़ा के नाम को आम कर जाऊं मैं.....फिर उसके बाद जिऊं या मर जाऊं मैं...

अनाउंसर फिर अगली शायरी बोलता है- एक तरफ सिरी है दूसरी तरफ पान है, ये पावर हाउस खखरेरू की जान है... थोड़ा म्यूज़िक चलता है. फिर कलाकार अगली शायरी बोलता है- वक़्त से पहले मौत आ नहीं सकती, इस पावर हाउस की लाइट कभी जा नहीं सकती...

गाना चलता है- जिस्म को मेरे आज नीलाम हो जाने दो...

अनाउंसर कहता है- आप सभी लोगों को सूचित किया जाता है कि अपना-अपना बिल तुरंत जमा करा दें किस्तों में...

वो आगे कहता है- एक बात बिल्कुल साफ़ है सरकार की तरफ से ब्याज़ माफ़ है. ब्याज़ का पैसा नहीं लगेगा. आफ कहेंगे क्यों नहीं लगेगा? तो भई नहीं लगेगा ईमानदारी से. हर इंसान के पास कोई न कोई मजबूरी है लेकिन बत्ती जलायी है तो फिर बिल देना भी ज़रूरी है...

फिर गाना चलता है प्यार की जीत हो जाने दो.... और वो जीप वापस लेकर जाने लगते हैं....

अगर पढ़ने में मज़ा नहीं आया तो नीचे वीडियो है.. देख लीजिए और खो जाइए पुरानी यादों में.... तो पेश-ए-खिदमत है----

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें