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'यूपी+बिहार= गयी मोदी सरकार', 2024 चुनाव को लेकर सपा ने नीतीश कुमार के समर्थन में जारी किया पोस्टर

महागठबंधन में वापसी करने वाले नीतीश कुमार ने मिशन-2024 का बीड़ा उठाया है. वह पिछले दिनों दिल्ली दौरे पर थे. इस दौरान उन्होंने कई नेताओं से मुलाकात की थी. मुलाकात के बाद नीतीश ने कहा था कि विपक्षी एकता मजबूत हो रही है. सभी विपक्षी नेता एक साथ बैठकर सहमति बना लेंगे. माना जा रहा है कि अगर सभी विपक्षी नेता एकजुट होते हैं तो क्या बीजेपी के लिए 2024 की राह चुनौती भरी होगी.

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समाजवादी पार्टी के नेता आईपी सिंह ने जारी किया पोस्टर
समाजवादी पार्टी के नेता आईपी सिंह ने जारी किया पोस्टर

बिहार के सीएम नीतीश कुमार का विपक्ष को एकजुट करने का अभियान अपनी मंजिल की ओर खिसकता दिख रहा है. दरअसल यूपी में शनिवार को एक ऐसी तस्वीर सामने आई जो इस बात पर मुहर भी लगा रही है. समाजवादी पार्टी ने नीतीश कुमार और अखिलेश यादव के साथ का एक पोस्टर जारी किया है.

समाजवादी पार्टी कार्यालय पर के बाहर लगाए गए इस पोस्टर में लिखा हुआ है- यूपी+बिहार=गयी मोदी सरकार. इस पोस्टर से साफ जाहिर हो रहा है कि समाजवादी पार्टी ने 2024 के लोकसभा चुनाव को लेकर बीजेपी के खिलाफ बिगुल फूंक दिया है. यह पोस्टर समाजवादी पार्टी के नेता आईपी सिंह की तरफ से लगाया गया है.

यूपी का नेतृत्व करेंगे अखिलेश: नीतीश

सीएम नीतीश कुमार पिछले दिनों विपक्षी दल के नेताओं से मुलाकात के लिए दिल्ली में थे. इस दौरान 6 सितंबर को उन्होंने गुड़गांव के मेदांता हॉस्पिटल में भर्ती समाजवादी पार्टी के संयोजक मुलायम सिंह यादव और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात की.

इसके बाद नीतीश कुमार ने मीडिया से कहा था कि हम लोगों का लक्ष्य तो एक ही है, सबको मिलकर आगे बढ़ना है. वहीं विपक्ष की एकता में अखिलेश की भूमिका को लेकर नीतीश कुमार ने कहा था कि अखिलेश यादव यूपी का आगे नेतृत्व करेंगे. वहीं अखिलेश यादव ने कहा था कि नीतीश कुमार की मुहिम में मैं साथ हूं.

देश में थर्ड फ्रंट नहीं, मेन फ्रंट होगा

नीतीश कुमार ने 7 सितंबर को विपक्षी दलों से बीजेपी के खिलाफ एकजुट होने की अपील की थी. उन्होंने कहा था कि यह मुख्य मोर्चा होगा न कि तीसरा मोर्चा. उन्होंने मीडिया से विपक्षी दलों की मुलाकात पर कहा था कि बातचीत विस्तृत और सकारात्मक रही.

उन्होंने कहा था कि अगर सभी गैर-भाजपाई दल एक साथ आते हैं, तो 2024 के लोकसभा चुनाव के लिए एक ऐसा माहौल बनेगा, जिसके बाद चीजें एकतरफा नहीं रहेंगी. मेरी विपक्षी दल के नेताओं के साथ सकारात्मक चर्चा हुई. वह बोले- जब भी कोई कहता है कि तीसरा मोर्चा बनाने की जरूरत है, तो मैं हमेशा कहता हूं कि चलो मुख्य मोर्चा बनाते हैं.

विपक्ष के 10 नेताओं से मिले थे नीतीश

बीजेपी और पीएम मोदी के खिलाफ विपक्षी एकता की कोशिश में जुटे नीतीश कुमार दिल्ली प्रवास के दौरान 5 सितंबर से लेकर 7 सितंबर तक 10 विपक्षी दलों के नेताओं से मुलाकात की है. विपक्षी दलों ने नीतीश की कोशिशों का समर्थन किया और पूरा सहयोग का वादा भी किया है. नीतीश कुमार अपने दिल्ली प्रवास के पहले दिन सबसे पहले कांग्रेस नेता राहुल गांधी से मुलाकात की थी, फिर जेडीएस नेता एचडी कुमारस्वामी से मिले.

दूसरे दिन नीतीश ने सीपीएम महासचिव सीताराम येचुरी, सीपीआई के महासचिव डी राजा से मिले. इसके बाद सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और उनके पिता मुलायम सिंह यादव से मुलाकात की और फिर इनेलो के ओम प्रकाश चौटाला से मिले. उसी दिन दिल्ली में आम आदमी पार्टी के अरविंद केजरीवाल और अपने पुराने मित्र शरद यादव से मिले. नीतीश कुमार ने अपने दौरे के तीसरे दिन एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार और भाकपा माले के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य से मुलाकात की. 

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