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शपथ ग्रहण की तैयारी में जुटी मुंबई पुलिस, पहुंची वानखेड़े स्टेडियम

भले ही महाराष्ट्र में सरकार बनाने पर सस्पेंस बरकरार है, लेकिन शपथ ग्रहण की तैयारियां शुरू हो गई है. मुंबई पुलिस और अधिकारियों की टीम ने शुक्रवार को वानखेड़े स्टेडियम का मुआयना किया.

देवेंद्र फडणवीस (फाइल फोटो- PTI) देवेंद्र फडणवीस (फाइल फोटो- PTI)

भले ही महाराष्ट्र में सरकार बनाने पर सस्पेंस बरकरार है, लेकिन शपथ ग्रहण की तैयारियां शुरू हो गई है. मुंबई पुलिस और अधिकारियों की टीम ने शुक्रवार को वानखेड़े स्टेडियम का मुआयना किया.

माना जा रहा है कि नई सरकार की कैबिनेट का शपथ ग्रहण समारोह यहीं हो सकता है. इससे पहले महालक्ष्मी रेसकोर्स को शपथ ग्रहण के लिए चुना गया था, लेकिन मुंबई पुलिस की रिपोर्ट के बाद जगह बदलने का फैसला किया गया.

महाराष्ट्र में सत्ता को लेकर खींचतान के बीच भारतीय जनता पार्टी की सहयोगी शिवसेना 50-50 फॉर्मूले पर अड़ी है. वहीं, महाराष्ट्र के निवर्तमान मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता देवेंद्र फडणवीस किसी भी मोर्चे पर पीछे हटने को तैयार नहीं हैं. बीजेपी ने यह साफ कर दिया है कि वह गृह और वित्त समेत कई महत्वपूर्ण मंत्रालय भी अपने पास ही रखेगी.

शिवसेना नेता आदित्य ठाकरे ने गुरुवार शाम को कहा कि सरकार गठन में देरी अच्छी नहीं है. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से वार्ता के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी की भाजपा से कोई बातचीत नहीं हुई है. हालांकि, उन्होंने कहा कि उनके पिता व सेना प्रमुख उद्धव ठाकरे सरकार के गठन पर अंतिम फैसला लेंगे.

इससे पहले दिन में आदित्य ठाकरे ने एकनाथ शिंदे का नाम विधायक दल के नेता पद के लिए और मुख्य सचेतक पद के लिए सुनील प्रभु के नाम का प्रस्ताव रखा.

एकनाथ शिंदे बने शिवसेना विधायक दल के नेता

शिवसेना ने एकनाथ शिंदे को विधायक दल का नेता चुना है. पार्टी ने जल्द ही महाराष्ट्र के राज्यपाल के साथ अपनी बैठक की घोषणा भी की. आदित्य ठाकरे ने विधायक दल के नेता पद के लिए शिंदे का नाम और और मुख्य सचेतक पद के लिए सुनील प्रभु का नाम प्रस्तावित किया.

आदित्य ठाकरे कहा, 'एक निर्वाचित विधायक के रूप में यह मेरा विशेषाधिकार था कि मैं विधायकों के लिए काम करने के लिए शिवसेना संसदीय दल के नेता के रूप में एकनाथ जी का नाम प्रस्तावित करूं. सुनील प्रभु जी को विधायिका के लिए पार्टी के मुख्य सचेतक के रूप में चुना गया है.'

पार्टी जल्द ही राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी से मिलने वाली है, जिससे अटकलों को बल मिला है. शिवसेना नेता संजय राउत ने कहा कि राज्यपाल के साथ बैठक कर उन्हें वस्तुस्थिति से अवगत कराया जाएगा.

उधर, भाजपा विधायक दल ने बुधवार की दोपहर में बैठक कर पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस को विधायक दल का नेता चुना है. बैठक के तुरंत बाद फड़णवीस ने कहा था कि जनादेश भाजपा-शिवसेना गठबंधन के लिए है और दोनों मिलकर सरकार बनाएंगे.

इससे पहले, मंगलवार को दोनों पक्षों के बीच तीखी और जवाबी बयानबाजी चलती रही. शिवसेना नेता संजय राउत ने भाजपा पर करार को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया, वहीं देवेंद्र फड़णवीस ने शिवसेना के 50-50 फॉर्मूले के दावे को खारिज कर दिया था.

बाद में, मंगलवार की शाम शिवसेना ने भाजपा नेतृत्व के साथ होने वाली अपनी बैठक रद्द कर दी थी, जिसमें अमित शाह व भूपेंद्र यादव हिस्सा लेने वाले थे. भाजपा ने साल 2014 में शिवसेना के बिना ही राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) का बाहर से समर्थन लेकर सरकार बनाई थी.

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