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दिल्ली में डेंगू-मलेरिया को लेकर MCD अलर्ट, घरों से लेकर फैक्ट्रियों, कंस्ट्रक्शन साइट तक में मच्छर ब्रीडिंग पाए जाने पर जुर्माना दोगुना हुआ

MCD ने एक बयान में कहा कि दिल्ली नगर निगम ने मच्छरों के लार्वा पाए जाने पर और इसे रोकने के लिए उचित प्रयास नहीं करने के लिए फर्मों को भारी जुर्माना लगाने के लिए नोटिस जारी किया है. बता दें कि दिल्ली में इस साल जनवरी में डेंगू के 23 मामले, फरवरी में 16, मार्च में 22, अप्रैल में 20 और मई में 30 मामले दर्ज किए गए हैं.

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दिल्ली में इस साल अब तक डेंगू के 130 से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं. -सांकेतिक तस्वीर
दिल्ली में इस साल अब तक डेंगू के 130 से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं. -सांकेतिक तस्वीर
स्टोरी हाइलाइट्स
  • इस साल अब तक डेंगू के 130 से ज्यादा मामले
  • पिछले साल दिल्ली में डेंगू के करीब 10 हजार मामले आए थे

दिल्ली में मलेरिया को लेकर MCD अलर्ट हो गया है. दिल्ली नगर निगम के अधिकारियों के मुताबिक, घरों, फैक्ट्रियों और कंस्ट्रक्शन साइट्स पर अगर मच्छरों का लार्वा पाया जाता है तो दोगुना जुर्माना वसूला जाएगा. उन्होंने कहा कि इस साल की शुरुआत में मच्छरों के प्रजनन के लिए अनुकूल मौसम के कारण डेंगू के मामले दर्ज किए गए थे. राष्ट्रीय राजधानी में इस साल अब तक डेंगू के 130 से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं.

नए स्लैब के अनुसार 1,000 वर्ग मीटर से अधिक के निर्माण स्थलों पर मच्छरों का लार्वा मिलने पर पहले 50 हजार रुपये का जुर्माना लगता था जिसे अब बढ़ाकर एक लाख रुपये कर दिया गया है. 

इसी तरह, 500 से 1,000 वर्ग मीटर के निर्माण स्थलों के लिए जुर्माना राशि को 10 हजार से बढ़ाकर 20 हजार रुपये और 100 से 500 वर्ग मीटर के लिए 5 हजार रुपये से बढ़ाकर 10 हजार रुपये कर दिया गया है. 100 वर्ग फुट से कम वालों के लिए जुर्माना 1 हजार रुपये से बढ़ाकर 2 हजार रुपये कर दिया गया है.

आवासीय क्षेत्रों के लिए जुर्माना 50 रुपये से बढ़ाकर 100 रुपये प्रति कंटेनर जबकि कॉमर्शियल ऑफिस और एजुकेशनल कैंपस के लिए पहले 100 रुपये जुर्माना था जिसे बढ़ाकर 200 रुपये कर दिया गया है.

पिछले साल दिल्ली में डेंगू के करीब 10 हजार मामले आए थे

बता दें कि पिछले साल दिल्ली में डेंगू के लगभग 10 हजार मामले सामने आए थे, जिसमें 23 मौतें शामिल थीं. यह आंकड़ा पिछले 5-6 साल में सबसे ज्यादा है. MCD के एक सीनियर अफसर ने कहा कि 2017 के बाद से नगर निकाय की ओर से मच्छरों के प्रजनन के लिए जुर्माने में संशोधन नहीं किया गया था.

उन्होंने कहा कि जुर्माने में संशोधन यह सुनिश्चित करने के लिए किया गया है कि लोग नियमों का पालन करें और अपने परिसर में मच्छरों को पनपने न दें. उन्होंने कहा कि दक्षिणी दिल्ली में एक निर्माण कंपनी पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है. निगम द्वारा यह कार्रवाई तब की गई जब कंस्ट्रक्शन साइट पर बड़ी संख्या में मच्छर पनपते पाए गए और उनकी रोकथाम के संबंध में कोई उपाय नहीं किए गए थे. 

कड़कड़डूमा में एक अन्य कंस्ट्रक्शन साइट पर भी हाल ही में 50 हजार का जुर्माना लगाया गया है. सीनियर अफसर ने बताया कि खिचड़ीपुर में कंस्ट्रक्शन करने वाली दो कंपनियों और कड़कड़डूमा में एक कंपनी पर मच्छर प्रजनन के लिए 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है.

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